कुवैत का एयरस्पेस बंद होने पर सऊदी के रास्ते शुरू हुई निकासी, कनाडाई दूतावास ने उठाया कदम
कुवैत में बिगड़ते हालात और कुवैत इंटरनेशनल एयरपोर्ट के बंद होने के बाद कनाडाई दूतावास ने अपने नागरिकों को निकालने के लिए सड़क मार्ग का इस्तेमाल शुरू किया है. मंगलवार 10 मार्च 2026 को कुवैत से पहली बार सड़क के रास्ते कनाडाई नागरिकों को सऊदी अरब भेजा गया. क्षेत्र में ड्रोन और मिसाइल हमलों की रिपोर्ट के बाद कुवैत का एयरस्पेस पूरी तरह बंद है. इस वजह से हवाई यात्रा संभव नहीं है और दूतावास ने लोगों को सुरक्षित बाहर निकालने के लिए सड़क मार्ग की व्यवस्था की है. अमेरिका और फिलीपींस जैसे देश भी अब यही तरीका अपना रहे हैं जिसका असर खाड़ी में रहने वाले अन्य प्रवासियों पर भी पड़ेगा.
सड़क के रास्ते सऊदी अरब जाने के नियम और जरूरी दस्तावेज
दूतावास ने जानकारी दी है कि नागरिकों को निकालने के लिए सऊदी अरब की सीमा का इस्तेमाल किया जा रहा है. यह निकासी मुख्य रूप से अल साल्मी और अल नुवैसीब बॉर्डर से हो रही है. इस यात्रा के लिए कुछ नियम और शर्तें तय की गई हैं जिनका पालन करना जरूरी है.
- पैदल बॉर्डर पार करने की पूरी तरह मनाही है, सभी को बस, प्राइवेट कार या लाइसेंसी टैक्सी से ही जाना होगा.
- पासपोर्ट की वैधता कम से कम छह महीने होनी चाहिए.
- सऊदी अरब का ट्रांजिट या टूरिस्ट वीज़ा होना जरूरी है जिसे ऑनलाइन या बॉर्डर पर लिया जा सकता है.
- कुवैत में रहने वाले प्रवासियों के पास Civil ID होना अनिवार्य है.
- अगर कोई अपनी कार से जा रहा है तो वाहन का रजिस्ट्रेशन, क्रॉस-बॉर्डर इंश्योरेंस और ऑथराइजेशन लेटर होना चाहिए.
शुरुआती रिपोर्ट्स के मुताबिक अभी लोगों को इस यात्रा का खर्च खुद उठाना पड़ रहा है. इसमें सऊदी वीज़ा और वहां से आगे की फ्लाइट का खर्च शामिल है. कनाडाई सरकार फिलहाल अन्य विकल्पों पर विचार कर रही है.
कुवैत में फंसे प्रवासियों के लिए वीज़ा पर बड़ी राहत
एयरपोर्ट बंद होने से कुवैत में बड़ी संख्या में विदेशी नागरिक फंस गए हैं. इस स्थिति को देखते हुए कुवैत के आंतरिक मंत्रालय ने एक बड़ा फैसला लिया है. जो लोग कुवैत में विजिट वीज़ा पर आए थे और फ्लाइट्स बंद होने के कारण वापस नहीं जा पा रहे हैं, उनके वीज़ा की अवधि को अपने आप एक महीने के लिए बढ़ा दिया गया है. यह फैसला भारतीय और अन्य देशों के प्रवासियों के लिए भी राहत की बात है.
कनाडा के विदेश मंत्री अनीता आनंद ने कहा है कि स्थिति बहुत तेजी से बदल रही है. उन्होंने अपील की है कि जो लोग इस निकासी अभियान का हिस्सा नहीं हैं, वे अपनी जगहों पर ही सुरक्षित रहें. उन्हें खिड़कियों और सैन्य ठिकानों से दूर रहने की सलाह दी गई है. कुवैत नेशनल गार्ड और सशस्त्र बल पूरे देश में सुरक्षा व्यवस्था संभाल रहे हैं.




