Kuwait Port Attack: कुवैत के दो प्रमुख पोर्ट पर ड्रोन और मिसाइल से हमला, संपत्ति को पहुँचा नुकसान
कुवैत में शुक्रवार 27 मार्च 2026 की सुबह मुबारक़ अल-कबीर और शुवैख पोर्ट को निशाना बनाकर ड्रोन और मिसाइल हमले किए गए। इन हमलों की वजह से पोर्ट के बुनियादी ढांचे को नुकसान पहुँचा है, हालांकि राहत की बात यह है कि किसी की जान जाने या घायल होने की कोई खबर नहीं है। कुवैत के अधिकारियों ने तुरंत बचाव कार्य शुरू कर दिया और सुरक्षा व्यवस्था को और कड़ा कर दिया है।
हमले में क्या-क्या हुआ और वर्तमान स्थिति क्या है?
कुवैत पोर्ट्स अथॉरिटी (KPA) ने बताया कि शुक्रवार तड़के शुवैख पोर्ट पर ड्रोन से हमला हुआ। इसके साथ ही बुबयान द्वीप पर स्थित मुबारक़ अल-कबीर पोर्ट को भी ड्रोन और क्रूज मिसाइलों के जरिए निशाना बनाया गया। लोक निर्माण मंत्रालय के अनुसार, शुरुआती जांच में केवल बुनियादी ढांचे यानी इंफ्रास्ट्रक्चर को नुकसान पहुंचने की बात सामने आई है। प्रवासियों और स्थानीय लोगों की सुरक्षा के लिए पोर्ट के आसपास निगरानी बढ़ा दी गई है। हालांकि पोर्ट के काम में अभी किसी बड़े रुकावट की सूचना नहीं मिली है, लेकिन अधिकारी बारीकी से जांच कर रहे हैं।
कुवैती सेना और सुरक्षा बलों की कार्रवाई
कुवैत के रक्षा मंत्रालय के प्रवक्ता कर्नल सऊद अल-अतवान ने पुष्टि की कि उनके एयर डिफेंस सिस्टम ने कई मिसाइलों और ड्रोन हमलों को बीच में ही रोक दिया। कुवैत नेशनल गार्ड की टास्क फोर्स ने भी दो ड्रोन को सफलतापूर्वक मार गिराया। कुवैत के साथ-साथ सऊदी अरब ने भी उसी दिन अपने क्षेत्र में 13 ड्रोन और 6 बैलिस्टिक मिसाइलों को रोकने की जानकारी दी है। क्षेत्र में चल रहे तनाव को देखते हुए कुवैत की सेना, पुलिस और नेशनल गार्ड को हाई अलर्ट पर रखा गया है।
सुरक्षा और बचाव से जुड़ी मुख्य जानकारी
| विवरण | जानकारी |
|---|---|
| हमले की तारीख | 27 मार्च 2026, शुक्रवार सुबह |
| प्रभावित पोर्ट | मुबारक़ अल-कबीर पोर्ट और शुवैख पोर्ट |
| हमले का प्रकार | ड्रोन और क्रूज मिसाइल |
| जान-माल का नुकसान | कोई मानव हताहत नहीं, केवल भौतिक नुकसान |
| सऊदी अरब में कार्रवाई | 13 ड्रोन और 6 मिसाइलें इंटरसेप्ट की गईं |
| सुरक्षा स्थिति | हाई अलर्ट और पोर्ट की कड़ी निगरानी |
कुवैत में रहने वाले भारतीयों और अन्य प्रवासियों को सलाह दी जाती है कि वे आधिकारिक सूचनाओं पर ही ध्यान दें। सरकार ने स्पष्ट किया है कि सुरक्षा बल किसी भी खतरे से निपटने के लिए पूरी तरह तैयार हैं और नागरिक सुरक्षित हैं।




