Kuwait Qatar Agreement: कुवैत और कतर ने किया बड़ा समझौता, अब AI तकनीक से बदलेंगे मीडिया का काम
कुवैत और कतर ने अपने पुराने रिश्तों को और मजबूत करते हुए मीडिया के क्षेत्र में एक बड़ा कदम उठाया है। दोनों देशों ने खबरों के आदान-प्रदान और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) तकनीक के इस्तेमाल को लेकर एक अहम समझौते पर दस्तखत किए हैं। यह फैसला कुवैत में हुई संयुक्त उच्च समिति की बैठक में लिया गया, जहां दोनों देशों के बड़े नेताओं ने आपसी सहयोग बढ़ाने पर जोर दिया।
क्या है KUNA और QNA के बीच समझौता?
इस समझौते के तहत कुवैत समाचार एजेंसी (KUNA) और कतर समाचार एजेंसी (QNA) एक-दूसरे की खबरों, फोटो और वीडियो का इस्तेमाल बिना किसी रोक-टोक के कर सकेंगी। इसका मकसद है कि दोनों देशों के लोगों तक सही और सटीक जानकारी जल्दी पहुंचे।
इसके अलावा, दोनों एजेंसियां अपने पत्रकारों और प्रतिनिधियों को फील्ड रिपोर्टिंग के लिए जरूरी मदद भी मुहैया कराएंगी। यह समझौता दोनों देशों के 55 साल पुराने राजनयिक रिश्तों को और गहरा बनाने की एक कोशिश है, जिस पर 8 फरवरी 2026 को मुहर लगाई गई।
मीडिया में AI का कैसे होगा इस्तेमाल?
समझौते में सबसे ज्यादा जोर आधुनिक तकनीक पर दिया गया है। अब खबरों को लिखने, वीडियो बनाने और पुराने रिकॉर्ड्स को डिजिटल तरीके से संभालने के लिए AI टूल्स का साझा इस्तेमाल किया जाएगा। इससे काम में तेजी आएगी और दर्शकों को बेहतर क्वालिटी का कंटेंट मिलेगा।
इसके साथ ही, पत्रकारों के लिए ट्रेनिंग प्रोग्राम भी चलाए जाएंगे ताकि वे नई तकनीक को आसानी से समझ सकें। बैठक के दौरान साइबर सुरक्षा को लेकर भी चर्चा हुई है।
| विषय | विवरण |
| एजेंसियां | KUNA (कुवैत) – QNA (कतर) |
| तारीख | 8 फरवरी, 2026 |
| मुख्य तकनीक | AI और डिजिटल आर्काइविंग |
| संबंध | 55वीं वर्षगांठ |




