Kuwait Security Update: कुवैत ने 24 घंटे में मार गिराए 9 ड्रोन, बिना लाइसेंस वाले हथियारों पर 1 अप्रैल तक की बड़ी चेतावनी
कुवैत में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर बड़ी कार्रवाई की गई है। पिछले 24 घंटों के दौरान कुवैत की स्पेशल फोर्स और नेशनल गार्ड ने मिलकर देश के हवाई क्षेत्र में कुल 9 ड्रोन को मार गिराया है। गृह मंत्रालय (MOI) के प्रवक्ता नासिर बौसलीब ने बताया कि हवाई रक्षा इकाइयों के साथ समन्वय करके इन ड्रोन को इंटरसेप्ट किया गया। सुरक्षा को लेकर बढ़ते खतरों के बीच सरकार ने बिना लाइसेंस वाले हथियार जमा करने के लिए 1 अप्रैल 2026 तक का आखिरी मौका दिया है।
ड्रोन हमलों और सुरक्षा को लेकर क्या हैं ताज़ा अपडेट?
कुवैत के सुरक्षा बलों ने अलग-अलग इलाकों में ड्रोन को नाकाम करने के लिए बड़ा अभियान चलाया हुआ है। इसमें नेशनल गार्ड और वायु सेना की टीमें लगातार काम कर रही हैं। सुरक्षा अधिकारियों द्वारा जारी किए गए आंकड़े इस प्रकार हैं:
- ड्रोन इंटरसेप्शन: 28 मार्च को गृह मंत्रालय ने 3 और नेशनल गार्ड ने 6 ड्रोन मार गिराए।
- पिछले हमले: 27 मार्च को भी कुल 11 ड्रोन को नष्ट किया गया था।
- पोर्ट पर हमला: शुवैख पोर्ट (Shuwaikh Port) पर भी ड्रोन से हमले की कोशिश हुई, जिससे वहां मामूली नुकसान हुआ है।
- मलबे की समस्या: ड्रोन गिरने के बाद उसके मलबे की अब तक कुल 588 शिकायतें दर्ज की गई हैं।
आम जनता और प्रवासियों के लिए जारी जरूरी निर्देश
कुवैत में रहने वाले भारतीय प्रवासियों और अन्य नागरिकों के लिए मंत्रालय ने स्पष्ट दिशा-निर्देश जारी किए हैं ताकि किसी भी कानूनी पचड़े से बचा जा सके। मंत्रालय ने कहा है कि सुरक्षा नियमों का उल्लंघन करने वालों पर कोई नरमी नहीं बरती जाएगी।
| नियम का प्रकार | विवरण और समय सीमा |
|---|---|
| हथियार एमनेस्टी | बिना लाइसेंस वाले हथियार 1 अप्रैल 2026 तक जमा करने पर सजा नहीं होगी। |
| ड्रोन बैन | पूरे देश में ड्रोन उड़ाने और हवाई फोटोग्राफी पर फिलहाल पूरी तरह रोक है। |
| गिरफ्तारी | अब तक अवैध रूप से ड्रोन उड़ाने वाले 6 लोगों को पकड़ा जा चुका है। |
| मलबे की रिपोर्ट | पिछले 24 घंटों में ईओडी (EOD) टीमों ने मलबे की 9 नई रिपोर्ट संभाली हैं। |
गृह मंत्रालय ने जनता से अपील की है कि वे किसी भी संदिग्ध वस्तु या गिरने वाले मलबे को खुद न छुएं। इसके बजाय तुरंत पुलिस या संबंधित अधिकारियों को इसकी सूचना दें। कुवैत के हवाई क्षेत्र में चल रही इस हलचल को देखते हुए सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक कड़ा कर दिया गया है। 1 अप्रैल की समय सीमा समाप्त होने के बाद पुलिस द्वारा सघन तलाशी अभियान और जब्ती की कार्रवाई शुरू की जाएगी।




