कतर ने सूडान के लिए भेजा दवाइयों का बड़ा जखीरा, 13 मिलियन रियाल की मदद से बचेंगे 5 लाख मरीज
कतर ने सूडान के लोगों की मदद के लिए एक बड़ा कदम उठाया है। 9 फरवरी 2026 को कतर फंड फॉर डेवलपमेंट (QFFD) और कतर रेड क्रीसेंट सोसाइटी (QRCS) ने मिलकर दवाइयों से भरे 7 ट्रक सूडान के लिए रवाना किए हैं। यह मदद हवाई जहाज से नहीं बल्कि सड़क के रास्ते ‘लैंड ब्रिज’ बनाकर भेजी जा रही है ताकि जरूरतमंदों तक सीधा सामान पहुंच सके।
क्या है इस मेडिकल प्रोजेक्ट का पूरा प्लान?
यह प्रोजेक्ट सूडान के स्वास्थ्य विभाग को सहारा देने के लिए शुरू किया गया है। अधिकारियों ने बताया कि यह केवल शुरुआत है और आने वाले दिनों में मदद का दायरा और बढ़ाया जाएगा। इस पूरी योजना के तहत करीब 5 लाख मरीजों तक दवाइयां पहुंचाने का लक्ष्य रखा गया है।
| विवरण | जानकारी |
|---|---|
| कुल लागत | 13.3 मिलियन QAR (करीब 3.65 मिलियन डॉलर) |
| कुल कंटेनर | 70 शिपिंग कंटेनर (1,400 पैलेट) |
| फायदा किसे मिलेगा | 12 राज्यों के 5 लाख मरीज |
| एजेंसी | QFFD और QRCS |
सड़क के रास्ते कैसे पहुंचेगी मदद?
कतर ने पहली बार सूडान के लिए ‘ओवरलैंड ह्यूमैनिटेरियन कॉरिडोर’ यानी सड़क के रास्ते मदद भेजने का इंतजाम किया है। पहले जत्थे में जीवन रक्षक दवाइयां भेजी गई हैं। कतर रेड क्रीसेंट सोसाइटी (QRCS) की टीम सूडान में मौजूद है और वहां के स्वास्थ्य मंत्रालय के साथ मिलकर काम कर रही है।
सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए दवाइयों को खास रिसेप्शन पॉइंट्स के जरिए मेडिकल सेंटर्स तक पहुंचाया जाएगा। इस प्रोजेक्ट का मकसद यह सुनिश्चित करना है कि दवाइयां बिना किसी रुकावट के अस्पतालों तक पहुंचें और मरीजों का इलाज न रुके। स्थानीय अधिकारी इस वितरण प्रणाली पर नजर बनाए हुए हैं।




