सऊदी अरब में अब गाड़ी चलाने की अनुमति लेना बहुत आसान हो गया है। सरकार ने Absher प्लेटफॉर्म के जरिए डिजिटल ड्राइविंग ऑथोराइजेशन की सुविधा शुरू की है। अब लोगों को इसके लिए ट्रैफिक डिपार्टमेंट के दफ्तरों के चक्कर नहीं काटने पड़ेंगे और वे अपने मोबाइल से ही यह काम कर सकेंगे।

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कैसे लें डिजिटल अनुमति

इस सुविधा का इस्तेमाल करने के लिए गाड़ी के मालिक को अपने Absher अकाउंट में लॉगिन करना होगा। इसके बाद “My Services” में जाकर “Vehicle Services” को चुनना होगा। वहां जिस गाड़ी के लिए अनुमति देनी है, उसे चुनकर “Issue Driver Authorization” पर क्लिक करना होगा। इसके बाद जिस व्यक्ति को गाड़ी देनी है, उसका ID या इकामा नंबर और जन्म तिथि डालकर रिक्वेस्ट भेजनी होगी।

यह प्रक्रिया तब तक पूरी नहीं होगी जब तक दूसरा व्यक्ति यानी ड्राइवर अपने Absher अकाउंट से इसे स्वीकार नहीं कर लेता। इसके लिए उसके रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर पर एक OTP आएगा। अनुमति मिलने के बाद, गाड़ी चलाने वाला व्यक्ति उस समय के लिए कानूनी रूप से जिम्मेदार होगा।

इन शर्तों का होना है जरूरी

  • गाड़ी के मालिक और ड्राइवर दोनों का Absher अकाउंट एक्टिव होना चाहिए।
  • गाड़ी का रजिस्ट्रेशन (Istimara) और इंश्योरेंस वैध होना चाहिए।
  • गाड़ी का जरूरी निरीक्षण (Inspection) पूरा होना चाहिए।
  • गाड़ी पर कोई भी ट्रैफिक जुर्माना बाकी नहीं होना चाहिए।
  • ड्राइवर के पास गाड़ी के हिसाब से सही ड्राइविंग लाइसेंस होना चाहिए।

इंटरनेशनल अनुमति और समय सीमा

अगर गाड़ी को सऊदी अरब से बाहर ले जाना है, तो इंटरनेशनल ऑथोराइजेशन लेनी होगी। यह सुविधा आमतौर पर सिर्फ परिवार के सदस्यों के लिए उपलब्ध है। इसकी अवधि ड्राइवर के एग्जिट/री-एंट्री वीजा की वैधता से ज्यादा नहीं हो सकती। सामान्य तौर पर यह अनुमति 6 महीने तक के लिए दी जा सकती है, जिसे बाद में बढ़ाया जा सकता है।

फीस और जुर्माने का प्रावधान

फीस की बात करें तो सऊदी अरब के अंदर गाड़ी चलाने की अनुमति के लिए लगभग 1.75 रियाल और इंटरनेशनल अनुमति के लिए करीब 35 रियाल का शुल्क देना होगा।

बिना सही अनुमति के गाड़ी चलाना एक बड़ा उल्लंघन माना जाएगा। इसके लिए 500 से 900 रियाल तक का जुर्माना लग सकता है और कुछ मामलों में गाड़ी को जब्त भी किया जा सकता है।

नए डिजिटल बदलाव

सऊदी सरकार अपनी सेवाओं को और आधुनिक बना रही है। 2025 के नए नियमों के मुताबिक, 3 साल से पुरानी गाड़ियों के लिए एमिशन टेस्ट (धुआं जांच) अनिवार्य कर दिया गया है। साथ ही इंश्योरेंस की जांच भी अब पूरी तरह डिजिटल तरीके से होगी और जॉइंट ओनरशिप ट्रांसफर के लिए बायोमेट्रिक कन्फर्मेशन जरूरी होगा।

Nura Basta

Nura Basta is the Editor at GulfHindi.com and a journalism graduate from IIMC Delhi. With more than 7 years of professional experience, he has worked with leading media organizations including Aaj Tak (2018–2021) and Gulf News (2021–2025). His reporting and editorial work primarily focus on Gulf news, current affairs, and issues relevant to the Indian diaspora. At GulfHindi.com, he is committed to providing credible, well-researched, and impactful content for Hindi readers in the Gulf.