सऊदी अरब ने सूडान में अस्पताल पर हुए हमले की निंदा की, 10 लोगों की मौत के बाद आया आधिकारिक बयान.
सूडान के व्हाइट नाइल प्रांत में अल-जबलिन अस्पताल (Al-Jabalin Hospital) पर हुए ड्रोन हमले के बाद सऊदी अरब ने अपना कड़ा रुख अपनाया है। सऊदी विदेश मंत्रालय ने एक आधिकारिक बयान जारी कर इस हमले की जमकर आलोचना की और इसे अंतरराष्ट्रीय नियमों का खुला उल्लंघन बताया है। इस हमले में अस्पताल के डायरेक्टर समेत कई मेडिकल स्टाफ की जान चली गई है और बड़ी संख्या में लोग घायल हुए हैं।
अस्पताल पर हुए हमले में क्या नुकसान हुआ है?
- यह हमला 2 अप्रैल 2026 को हुआ था, जिसमें अस्पताल के ऑपरेशन थिएटर और प्रसूति वार्ड को निशाना बनाया गया।
- हमले के समय अस्पताल में बच्चों के टीकाकरण का अभियान चल रहा था।
- इस घटना में कुल 10 लोगों की मौत हुई है, जिनमें 7 मेडिकल कर्मचारी शामिल हैं।
- अस्पताल के डायरेक्टर जनरल डॉक्टर हामिद सुलेमान की मौत उस वक्त हुई जब वह सर्जरी कर रहे थे।
- लगभग 22 नागरिक इस हमले में घायल हुए हैं, जिनका इलाज दूसरे शहरों में किया जा रहा है।
सऊदी अरब ने इस मामले पर क्या बयान जारी किया?
सऊदी अरब के विदेश मंत्रालय ने कहा है कि रैपिड सपोर्ट फोर्सेज (RSF) द्वारा किया गया यह हमला किसी भी तरह से जायज नहीं ठहराया जा सकता। किंगडम ने साफ किया कि यह अंतरराष्ट्रीय मानवीय कानून और इस्लामी सिद्धांतों का सीधा उल्लंघन है। सऊदी अरब ने मांग की है कि इन उल्लंघनों को तुरंत रोका जाए और नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित की जाए।
बयान में 11 मई 2023 को साइन हुए जेद्दा घोषणापत्र (Jeddah Declaration) का जिक्र किया गया है, जिसमें नागरिकों की सुरक्षा और मानवीय सहायता के लिए प्रतिबद्धता जताई गई थी। सऊदी अरब ने एक बार फिर सूडान की एकता और वहां के वैध संस्थानों के संरक्षण की बात दोहराई है। डॉक्टर्स विदाउट बॉर्डर्स (MSF) भी इस हमले के बाद एम्बुलेंस के लिए ईंधन और मेडिकल किट मुहैया करा रहा है।




