Saudi Arabia New Statement: ईरान की आक्रामकता को सऊदी अरब ने बताया क्षेत्र के लिए बड़ा खतरा, कई देशों में हुए हमले
सऊदी अरब के गृह मंत्री अब्दुलअजीज बिन सऊद बिन नायफ ने 1 अप्रैल 2026 को एक महत्वपूर्ण बयान जारी किया है। उन्होंने कहा है कि ईरान की आक्रामकता पूरे क्षेत्र की सुरक्षा और स्थिरता के लिए एक बेहद गंभीर खतरा बन गई है। यह बयान खाड़ी के अलग-अलग देशों में हुए कई हमलों और बढ़ते तनाव के बीच आया है। सऊदी अरब ने स्थिति को भांपते हुए अपनी सुरक्षा व्यवस्था को कड़ा कर दिया है।
खाड़ी देशों में 1 अप्रैल को हुई प्रमुख घटनाएं
इस तारीख को क्षेत्र के कई हिस्सों में सुरक्षा संबंधी बड़ी घटनाएं रिपोर्ट की गई हैं। इन घटनाओं की जानकारी नीचे दी गई है:
- कुवैत: कुवैत अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर ड्रोन हमला हुआ जिससे वहां के ईंधन टैंकों में भीषण आग लग गई।
- बहरीन: बहरीन में एक बिजनेस फैसिलिटी में आग लगने की घटना हुई जिसके लिए वहां की सरकार ने ईरानी आक्रामकता को जिम्मेदार ठहराया।
- सऊदी अरब: सऊदी अरब की सेना ने अपनी सुरक्षा कार्रवाई के दौरान दो ड्रोन मार गिराए।
- इजरायल: इजरायली सेना ने तेहरान में ईरान के बुनियादी ढांचे पर कई हवाई हमले किए हैं।
सुरक्षा तनाव और अन्य संगठनों की भूमिका
क्षेत्र में चल रहे इस विवाद में कई अन्य संगठन भी शामिल नजर आ रहे हैं। यमन के हूती विद्रोहियों ने इजरायल पर मिसाइल हमला करने का दावा किया है और कहा है कि इसमें ईरान और हिजबुल्लाह भी शामिल थे। वहीं ईरान की रिवोल्यूशनरी गार्ड्स ने अमेरिका की करीब 18 बड़ी टेक कंपनियों जैसे Apple, Google और Meta को निशाना बनाने की खुली धमकी दी है। इन हालातों ने खाड़ी में रहने वाले लोगों और वहां काम करने वाले प्रवासियों के बीच सुरक्षा को लेकर चिंता पैदा कर दी है। ईरान के विदेश मंत्री ने अमेरिका से संदेश मिलने की बात तो स्वीकार की है लेकिन फिलहाल किसी भी बातचीत से साफ इनकार कर दिया है।




