Saudi Energy Update: सऊदी प्रिंस और दक्षिण कोरियाई अधिकारी की मुलाकात, तेल और हाइड्रोजन सेक्टर में बढ़ेगा सहयोग
सऊदी अरब के ऊर्जा मंत्री प्रिंस Abdulaziz bin Salman ने रियाद में दक्षिण कोरिया के राष्ट्रपति के चीफ ऑफ स्टाफ Kang Hoon-sik से मुलाकात की। इस बैठक में दोनों देशों के बीच ऊर्जा क्षेत्र में सहयोग बढ़ाने और सप्लाई को सुरक्षित रखने पर चर्चा हुई। दक्षिण कोरिया अपनी ऊर्जा जरूरतों को पूरा करने के लिए नए रास्ते तलाश रहा है ताकि भविष्य में कोई दिक्कत न आए।
दक्षिण कोरिया को क्यों चाहिए सऊदी का साथ?
दक्षिण कोरिया मध्य पूर्व में बढ़ते तनाव और Strait of Hormuz में शिपिंग की समस्याओं से चिंतित है। इसी वजह से Kang Hoon-sik को विशेष दूत बनाकर सऊदी अरब, ओमान और कजाकिस्तान भेजा गया। कोरिया का मुख्य मकसद कच्चे तेल और नैफ्था के आयात को बढ़ाना है ताकि वह अपनी सप्लाई के लिए केवल एक रास्ते या देश पर निर्भर न रहे।
किन क्षेत्रों में होगा नया काम?
सऊदी अरब और दक्षिण कोरिया ने ऊर्जा के कई आधुनिक क्षेत्रों में मिलकर काम करने की प्रतिबद्धता जताई है। इन क्षेत्रों की जानकारी नीचे दी गई है:
- क्लीन हाइड्रोजन का उत्पादन और उसे दूसरे देशों में भेजना।
- बड़े परमाणु रिएक्टर और छोटे मॉड्यूलर रिएक्टर (SMR) बनाना।
- नवीकरणीय ऊर्जा और बिजली ग्रिड को बेहतर करना।
- ऊर्जा क्षेत्र में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) का इस्तेमाल करना।
- पेट्रोकेमिकल प्रोजेक्ट्स में सहयोग करना।




