ट्रम्प के भाषण से पहले दुनिया में हलचल, कच्चे तेल के दाम गिरे और युद्ध खत्म होने की उम्मीद बढ़ी
दुनियाभर की नजरें पूर्व अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump के आने वाले संबोधन पर टिकी हैं। 1 अप्रैल 2026 को रात 9 बजे (EST) ट्रम्प ईरान के मुद्दे पर बड़ा अपडेट देने वाले हैं। इस खबर के आते ही अंतरराष्ट्रीय बाजार में सकारात्मक बदलाव देखे जा रहे हैं। जहां कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट आई है, वहीं सोने के भाव चढ़ गए हैं। व्हाइट हाउस ने भी इस भाषण की पुष्टि कर दी है, जिससे युद्ध खत्म होने की संभावनाएं बढ़ गई हैं। बाजार को उम्मीद है कि तनाव कम होने से तेल की सप्लाई सुगम हो जाएगी।
ट्रम्प के भाषण में क्या हो सकता है खास और ईरान का इस पर क्या कहना है?
ट्रम्प ने सोशल मीडिया पर संकेत दिया है कि वह ईरान के साथ चल रहे संघर्ष को दो से तीन सप्ताह के भीतर समाप्त करना चाहते हैं। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया है कि अमेरिका Strait of Hormuz की सुरक्षा की जिम्मेदारी हमेशा के लिए नहीं लेगा और तेल पर निर्भर अन्य देशों को भी आगे आना होगा। ट्रम्प ने चेतावनी दी है कि अगर ईरान युद्धविराम चाहता है तो उसे समुद्री रास्ते को पूरी तरह खुला रखना होगा। दूसरी तरफ, ईरान के विदेश मंत्रालय ने ट्रम्प के दावों को गलत बताया है। ईरान का कहना है कि वे किसी भी लंबी लड़ाई के लिए तैयार हैं और उन्होंने सीधे बातचीत की खबरों से इनकार किया है।
बाजार पर असर और सैन्य गतिविधियों से जुड़ी मुख्य जानकारी
इस बड़े ऐलान से पहले ग्लोबल मार्केट में काफी हलचल देखी जा रही है। निवेशकों को उम्मीद है कि तनाव कम होगा, जिसके कारण डॉलर के मुकाबले अन्य मुद्राएं और शेयर बाजार मजबूत हुए हैं। युद्ध के बीच अमेरिकी सैन्य गतिविधियों में भी बदलाव देखा गया है और महत्वपूर्ण तैनाती की जा रही है।
| विषय | ताजा अपडेट |
|---|---|
| कच्चा तेल (Oil) | कीमतों में गिरावट दर्ज की गई |
| सोना (Gold) | सुरक्षित निवेश के तौर पर भाव बढ़े |
| अमेरिकी सेना | USS George H.W. Bush और 82nd Airborne Division की तैनाती |
| War Powers Act | ट्रम्प के पास फैसला लेने के लिए लगभग 3 सप्ताह का समय है |
| स्टॉक मार्केट | वैश्विक बाजारों में बढ़त देखी गई |
Secretary of State Marco Rubio ने भी विश्वास जताया है कि युद्ध का अंत करीब आ रहा है। हालांकि उन्होंने यह भी माना कि ईरान और अमेरिका के बीच संदेशों का आदान-प्रदान जारी है। डिफेंस सेक्रेटरी Pete Hegseth ने कहा है कि युद्ध ट्रम्प की शर्तों पर ही खत्म होगा। इस बीच खाड़ी देशों में रहने वाले प्रवासियों के लिए यह राहत की खबर है क्योंकि तेल की कीमतों में स्थिरता आने से महंगाई पर नियंत्रण रहने की संभावना है।




