UAE डिफेंस ने ईरान से आए 11 मिसाइल और 27 ड्रोन को हवा में मार गिराया, शारजाह में संचार कंपनी बनी निशाना
संयुक्त अरब अमीरात (UAE) के रक्षा मंत्रालय ने 30 मार्च 2026 को बड़ी कार्रवाई करते हुए ईरान की ओर से दागे गए 11 बैलिस्टिक मिसाइल और 27 ड्रोन को इंटरसेप्ट किया है। सुरक्षा बलों ने देश की सीमा के भीतर आने वाले इन खतरों को समय रहते पहचान लिया और हवा में ही नष्ट कर दिया। रिपोर्ट के अनुसार शारजाह के मध्य क्षेत्र में स्थित Thuraya Communications Company के प्रशासनिक भवन को भी निशाना बनाने की कोशिश की गई थी। यह हमले पिछले एक महीने से चल रहे क्षेत्रीय तनाव का हिस्सा हैं, जिससे खाड़ी देशों में सुरक्षा व्यवस्था सख्त कर दी गई है।
हमलों से जुड़ी मुख्य जानकारी और आंकड़े
28 फरवरी 2026 से शुरू हुए इन हमलों के बाद से यूएई की एयर डिफेंस प्रणाली लगातार सक्रिय है। अब तक बड़ी मात्रा में हवाई हमलों को नाकाम किया गया है। इन घटनाओं में अब तक कई सैन्य कर्मियों और नागरिकों को अपनी जान गंवानी पड़ी है। प्रभावित होने वालों में भारत के पड़ोसी देशों के नागरिक भी शामिल हैं।
| विवरण | कुल संख्या |
|---|---|
| नाकाम की गई बैलिस्टिक मिसाइलें | 425 |
| नष्ट किए गए ड्रोन | 1,941 |
| कुल मौतें (सैनिक और नागरिक) | 11 |
| घायलों की संख्या | 178 |
खाड़ी देशों की स्थिति और प्रवासियों पर असर
यूएई के साथ-साथ सऊदी अरब और कुवैत जैसे पड़ोसी देशों में भी इसी तरह की गतिविधियां देखी गई हैं। सऊदी अरब के रक्षा मंत्रालय ने भी हाल ही में दो ड्रोन नष्ट किए हैं। कुवैत में एक बिजली और पानी के प्लांट को निशाना बनाया गया है। इन हमलों का असर उन प्रवासियों पर पड़ रहा है जो इन देशों में रहकर काम करते हैं।
- यूएई के विदेश मंत्री ने कहा है कि देश किसी भी तरह की धमकी के आगे नहीं झुकेगा।
- सऊदी अरब, बहरीन, कतर और जॉर्डन ने मिलकर इन हमलों की कड़ी निंदा की है।
- नेपाल, बांग्लादेश और पाकिस्तान के नागरिकों की मौत से प्रवासी समुदाय में सुरक्षा को लेकर चिंता है।
- भारतीय प्रवासियों को सलाह दी जाती है कि वे स्थानीय प्रशासन द्वारा जारी सुरक्षा निर्देशों का पालन करें।
- यूएई सरकार सुरक्षा के लिए दीर्घकालिक समाधान खोजने पर जोर दे रही है।




