अमेरिका और ईरान के बीच शांति वार्ता शुरू, एक्सपर्ट ने जताया शक, तेल की कीमतों पर पड़ सकता है असर
अमेरिका और ईरान के बीच शांति बनाने के लिए इस्लामाबाद में एक बड़ी बैठक शुरू हुई है. इस बातचीत में दोनों देशों के बड़े नेता शामिल हुए हैं. हालांकि, राजनीतिक जानकार David Vance का मानना है कि इस डील का सफल होना काफी मुश्किल है. पूरी दुनिया की नजरें इस मीटिंग पर टिकी हैं क्योंकि इसका सीधा असर ग्लोबल एनर्जी मार्केट और तेल की कीमतों पर पड़ सकता है.
इस शांति वार्ता में कौन-कौन शामिल है?
अमेरिका की तरफ से इस बातचीत के लिए Vice President JD Vance, Special Envoy Steve Witkoff और Jared Kushner पहुंचे हैं. वहीं ईरान की टीम का नेतृत्व संसद स्पीकर Mohammad Baqer Qalibaf कर रहे हैं. यह सारी चर्चा पाकिस्तान की राजधानी इस्लामाबाद में हो रही है और वहां सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं. इसी दौरान JD Vance ने पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शरीफ से भी मुलाकात की है.
David Vance ने क्या चेतावनी दी है?
ब्रिटिश राजनीतिक कमेंटेटर David Vance ने कहा है कि दोनों पक्षों के बीच कोई भरोसेमंद समझौता होना मुश्किल नजर आता है. उन्होंने बताया कि दोनों देशों की सोच और मांगें एक दूसरे से बहुत अलग हैं. Vance के मुताबिक, दुनिया इस बातचीत को बहुत बारीकी से देख रही है क्योंकि अगर यह डील नहीं हुई तो वैश्विक ऊर्जा लागत और तेल के दामों में उतार-चढ़ाव आ सकता है.
आगे क्या होने वाला है और ताजा अपडेट क्या है?
ईरान की सुप्रीम नेशनल सिक्योरिटी काउंसिल ने इन चर्चाओं के लिए 15 दिन का समय तय किया है. आने वाले 48 घंटे बहुत अहम माने जा रहे हैं जिससे पता चलेगा कि क्या क्षेत्रीय युद्धविराम एक स्थायी शांति में बदल पाएगा. वहीं White House ने उन खबरों को खारिज कर दिया है जिनमें कहा गया था कि शांति वार्ता के बीच ईरान के ब्लॉक किए हुए पैसे छोड़े जाएंगे.




