अमेरिका और ईरान के बीच जारी सैन्य संघर्ष को 100 दिन पूरे हो चुके हैं। इस दौरान वाशिंगटन और तेहरान कई बार शांति समझौते के बेहद करीब पहुंचे, लेकिन हर बार आखिरी समय पर बातचीत टूट गई। 28 फरवरी 2026 को शुरू हुई इस जंग में अब खाड़ी के अन्य देश भी प्रभावित हो रहे हैं, जिससे पूरे क्षेत्र में चिंता बढ़ गई है और प्रवासियों के बीच भी हलचल तेज है।

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समझौते के बेहद करीब पहुंचकर क्यों टूटी बातचीत?

अमेरिका और ईरान के बीच पिछले 100 दिनों में कई बार बातचीत का दौर चला। मार्च के आखिर से अप्रैल की शुरुआत तक चली बातचीत के बाद 7 अप्रैल 2026 को दो हफ्ते के अस्थायी संघर्षविराम की घोषणा की गई थी। इसके बाद मई के आखिरी हफ्ते में दोनों देश एक बड़े शांति समझौते के सबसे करीब पहुंच गए थे।

  • 23 मई 2026: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा था कि एक समझौते पर बातचीत लगभग पूरी हो चुकी है और अंतिम विवरण पर चर्चा चल रही है।
  • 24 मई 2026: खबरों में दावा किया गया कि दोनों देश एक बड़े शांति समझौते के करीब हैं और जल्द ही हॉर्मुज जलडमरूमध्य को दोबारा खोला जा सकता है।
  • 25 मई 2026: ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता इस्माइल बघाई ने इस बात को खारिज कर दिया कि समझौता तुरंत होने वाला है, हालांकि उन्होंने प्रगति की बात मानी थी।
  • 26 मई 2026: दक्षिणी ईरान पर नए अमेरिकी हमलों और लेबनान में बढ़ते इसराइली हमलों के बाद कतर में चल रही नाजुक बातचीत पूरी तरह से टूट गई और ईरानी वार्ताकार दोहा से वापस लौट गए।

कुवैत और बहरीन में अमेरिकी ठिकानों पर हमले क्यों हुए?

जंग के 100 दिन पूरे होने पर खाड़ी क्षेत्र में तनाव काफी बढ़ गया है। 6 जून 2026 को आई रिपोर्टों के अनुसार, अमेरिका द्वारा ईरानी ड्रोन मार गिराए जाने और रडार ठिकानों पर हमला करने के बाद ईरान ने जवाबी कार्रवाई की। ईरान ने कुवैत और बहरीन में स्थित अमेरिकी सैन्य ठिकानों को निशाना बनाकर हमले किए।

इससे पहले 1 जून 2026 को ईरान ने बातचीत को आधिकारिक रूप से निलंबित कर दिया था। ईरान की सरकारी समाचार एजेंसी के अनुसार, इस निलंबन का मुख्य कारण लेबनान में हिजबुल्लाह के खिलाफ इसराइली सैन्य अभियान और अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप द्वारा समझौते के मसौदे में किए गए बदलाव थे। 7 जून को ताजा घटनाक्रम में अमेरिका ने हॉर्मुज जलडमरूमध्य में फिर से ईरानी ड्रोन मार गिराए हैं।

Frequently Asked Questions (FAQs)

अमेरिका और ईरान के बीच यह जंग कब शुरू हुई थी?

यह जंग आधिकारिक तौर पर 28 फरवरी 2026 को शुरू हुई थी, जब अमेरिका और इसराइल ने ईरान पर संयुक्त रूप से हवाई हमले किए थे।

ईरान ने जून की शुरुआत में शांति बातचीत क्यों रोक दी?

ईरान ने लेबनान में हिजबुल्लाह के खिलाफ इसराइली सैन्य अभियानों और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा समझौते के मसौदे में किए गए बदलावों के विरोध में बातचीत को निलंबित कर दिया था।

कुवैत और बहरीन में हमले क्यों हुए हैं?

अमेरिका द्वारा ईरानी ड्रोन गिराए जाने और रडार ठिकानों पर हमला करने के बाद, ईरान ने जवाबी कार्रवाई करते हुए कुवैत और बहरीन में स्थित अमेरिकी सैन्य ठिकानों को निशाना बनाया।