अमेरिका ने ईरान के 2000 ठिकानों पर किया हमला, खाड़ी देशों में तनाव के बीच भारतीयों के लिए अलर्ट
अमेरिका और इजरायल की सेना ने ईरान के खिलाफ ‘Operation Epic Fury’ के तहत बड़ी कार्रवाई शुरू की है। व्हाइट हाउस की प्रेस सचिव Karoline Leavitt के अनुसार अब तक ईरान के 2000 ठिकानों को निशाना बनाया गया है। इस हमले में ईरान के सैकड़ों ड्रोन और मिसाइल लॉन्चरों को पूरी तरह तबाह कर दिया गया है। अमेरिकी रक्षा मंत्री Pete Hegseth ने कहा है कि उनकी सेना जल्द ही ईरान के आसमान पर पूरी तरह कब्जा कर लेगी।
ईरान को अब तक क्या नुकसान हुआ?
अमेरिकी सेंट्रल कमांड (CENTCOM) और इजरायली सेना ने मिलकर ईरान के सैन्य ढांचे को काफी नुकसान पहुँचाया है। अब अमेरिकी सेना ने महंगे क्रूज मिसाइलों की जगह जीपीएस गाइडेड बमों (JDAMs) का इस्तेमाल शुरू किया है। इस हमले की मुख्य जानकारी नीचे टेबल में दी गई है:
| विवरण | कुल संख्या |
|---|---|
| नष्ट किए गए ठिकाने | लगभग 2,000 |
| मारे गए ईरानी नेता | 49 (सुप्रीम लीडर भी शामिल) |
| डूबे हुए नौसैनिक जहाज | 20 (पनडुब्बी सहित) |
| तबाही का स्तर | सैकड़ों ड्रोन और लॉन्चर ढेर |
खाड़ी देशों और भारतीयों पर क्या असर होगा?
ईरान ने जवाबी हमले में इराक, कुवैत और बहरीन में मौजूद अमेरिकी ठिकानों को निशाना बनाया है। यूएई और सऊदी अरब के कुछ इलाकों में भी ड्रोन हमलों की खबरें आई हैं। इससे खाड़ी देशों में रहने वाले भारतीय प्रवासियों के लिए सुरक्षा चिंताएं बढ़ गई हैं। अमेरिका ने अपने 17,500 नागरिकों को वहां से सुरक्षित निकाल लिया है। खाड़ी देशों में काम करने वाले भारतीयों या वहां जाने वालों को सलाह दी गई है कि वे स्थानीय सुरक्षा नियमों और फ्लाइट अपडेट पर ध्यान दें। अमेरिकी रक्षा विभाग का कहना है कि ईरान का शासन अब बड़ी मुश्किल में है और यह अभियान तब तक चलेगा जब तक ईरान का परमाणु कार्यक्रम पूरी तरह खत्म नहीं हो जाता।




