अमेरिका का लापता पायलट ईरान में जिंदा मिला, भारी गोलीबारी के बीच रेस्क्यू ऑपरेशन हुआ पूरा.
पश्चिम एशिया में चल रहे तनाव के बीच अमेरिका के लिए एक राहत भरी खबर सामने आई है। ईरान द्वारा मार गिराए गए अमेरिकी F-15E लड़ाकू विमान का लापता क्रू मेंबर सुरक्षित मिल गया है। पूर्व अमेरिकी स्पेशल फोर्सेस के सदस्य और पत्रकार जैक मर्फी ने दावा किया है कि इस लापता एयरमैन को एक बड़े रेस्क्यू ऑपरेशन के बाद बचा लिया गया है। हालांकि, अमेरिकी सरकार की तरफ से अभी इस पर कोई आधिकारिक पुष्टिकरण नहीं हुआ है लेकिन कई रिपोर्ट्स इसकी पुष्टि कर रही हैं।
कैसे हुआ यह खतरनाक रेस्क्यू ऑपरेशन?
रिपोर्ट्स के मुताबिक, लापता क्रू मेंबर विमान गिरने के बाद से ही खुद को बचाने की कोशिश कर रहा था और वह ईरानियों की पकड़ में आने से बचता रहा। उसे निकालने के लिए अमेरिकी स्पेशल फोर्सेस और डेल्टा फोर्स ने एक चुनौतीपूर्ण अभियान चलाया। इस रेस्क्यू के दौरान इलाके में भारी गोलीबारी हुई क्योंकि ईरानी सेना और स्थानीय कबीले भी उसे ढूंढ रहे थे। अल जजीरा की रिपोर्ट में भी एक अमेरिकी अधिकारी के हवाले से कहा गया है कि पायलट को एक भीषण मुठभेड़ के बाद सुरक्षित स्थान पर पहुंचा दिया गया है।
विमान हादसे और बचाव कार्य से जुड़ी मुख्य बातें
| घटना की तारीख | 3 अप्रैल 2026 |
|---|---|
| विमान का प्रकार | F-15E Strike Eagle |
| बचाव दल | US Special Forces/Delta Force |
| ईरानी बल | IRGC Aerospace Force |
- विमान का गिरना: इस लड़ाकू विमान को ईरान ने अपने एडवांस एयर डिफेंस सिस्टम से मार गिराने का दावा किया था।
- क्रू की जानकारी: विमान में दो लोग सवार थे, जिनमें से पहले साथी को हादसे के तुरंत बाद ही अमेरिकी सेना ने बचा लिया था।
- स्थानीय हमला: सर्च ऑपरेशन के दौरान ईरानी कबीलों ने अमेरिकी हेलीकॉप्टरों पर गोलियां भी चलाई थीं, जिसकी प्रशंसा ईरान की IRGC ने की थी।
- व्हाइट हाउस की नजर: राष्ट्रपति ट्रंप को इस पूरे मामले की पल-पल की जानकारी दी गई है और व्हाइट हाउस इस पर नजर बनाए हुए है।
ईरान ने लापता पायलट को पकड़ने के लिए बड़े इनाम की भी घोषणा की थी, लेकिन अमेरिकी टीम उसे सुरक्षित निकालने में सफल रही है। इस घटना के बाद से क्षेत्र में सैन्य हलचल और ज्यादा बढ़ गई है।




