गुरुवार सुबह यमुना एक्सप्रेसवे पर एक बड़ा हादसा होते-होते टल गया. बांदा से दिल्ली जा रही एक स्लीपर कोच बस में भीषण आग लग गई, लेकिन गनीमत रही कि बस में सवार सभी 50 यात्रियों को समय रहते सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया. यह घटना टायर फटने के बाद शुरू हुई थी.
कैसे लगी आग और क्या हुआ
बांदा की राज कमल संस्कार ट्रैवल्स की बस बांदा से कानपुर होते हुए दिल्ली की ओर जा रही थी. गुरुवार की सुबह करीब पांच बजे बस का टायर फट गया था. ड्राइवर ने इसके बाद भी बस को नहीं रोका और कुछ दूर तक बस चलती रही. कुछ ही देर में बस में धुआं भरने लगा और फिर आग की लपटों ने पूरी बस को अपनी चपेट में ले लिया.
यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकाला गया
आग लगने के बाद यात्रियों में हड़कंप मच गया था. चीख-पुकार मचने पर चालक और परिचालक ने बस रोकी. आनन-फानन में बस में सवार सभी 50 यात्रियों को चलती बस से किसी तरह बाहर निकाला गया. हालांकि, यात्रियों का कुछ सामान जलकर खाक हो गया, लेकिन सभी की जान बच गई.
लापरवाह चालक और परिचालक हुए फरार
इस घटना के बाद बस का चालक और परिचालक मौके से फरार हो गए. यात्रियों ने बताया कि टायर फटने के बाद भी चालक ने बस को नहीं रोका, जिसकी वजह से यह आग इतनी तेजी से फैली. पुलिस अब चालक और परिचालक की तलाश कर रही है.
पहले भी हुए हैं ऐसे हादसे
यामुना एक्सप्रेसवे पर पहले भी इस तरह के कई हादसे हो चुके हैं. 16 दिसंबर 2021 को भी यहां 11 वाहनों की भिड़ंत में 18 लोगों की जान चली गई थी. कमजोर टायरों और तेज रफ्तार के कारण ऐसे हादसे लगातार सामने आते रहते हैं, जिससे सबक सीखने की जरूरत है.




