Budget 2026: आय छिपाई तो लगेगा 100% जुर्माना, विदेश जाना हुआ सस्ता
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने 1 फरवरी 2026 को संसद में अपना लगातार 9वां बजट पेश किया। इस बार सरकार ने टैक्स चोरी रोकने और आय की सही जानकारी सुनिश्चित करने के लिए कड़े कदम उठाए हैं। अगर कोई भी करदाता अपनी कमाई को गलत तरीके से दिखाता है या जानबूझकर छिपाता है, तो उसे अब भारी जुर्माना देना पड़ सकता है। सरकार ने साफ कर दिया है कि डिजिटल डेटा मिलान के दौर में अब आय छिपाना आसान नहीं होगा।
गलत जानकारी देने पर क्या होगी कार्रवाई
सरकार ने नियमों को सख्त करते हुए बताया है कि आय की ‘मिसरिपोर्टिंग’ या गलत जानकारी देने पर अब कड़ी कार्रवाई होगी। अगर कोई व्यक्ति अपनी असली कमाई को कम करके दिखाता है या छिपाता है, तो उस पर टैक्स की कुल राशि के बराबर यानी 100 फीसदी तक का जुर्माना लगाया जाएगा। इसके अलावा, गैर-अचल संपत्तियों का खुलासा न करने पर भी अब दंड लगाया जाएगा, जो पहले इस दायरे में नहीं आते थे।
विदेशी यात्रा और रिटर्न में सुधार का मौका
बजट में आम लोगों को कुछ राहत भी मिली है। अगर आप विदेश घूमने का प्लान बना रहे हैं, तो यह आपके लिए अच्छी खबर है। विदेशी टूर पैकेज पर लगने वाले TCS (Tax Collected at Source) को 20 फीसदी से घटाकर सीधा 2 फीसदी कर दिया गया है। इसके अलावा, अगर ITR भरने में कोई गलती हो जाती है, तो ‘संशोधित रिटर्न’ भरने की समयसीमा बढ़ाकर 31 मार्च कर दी गई है। हालांकि, इसके लिए मामूली शुल्क देना होगा। ITR-1 और ITR-2 भरने की आखिरी तारीख 31 जुलाई ही रहेगी।
प्रॉपर्टी और विदेशी संपत्ति पर नए नियम
अनिवासी भारतीयों (Non-residents) द्वारा अचल संपत्ति बेचने पर अब TDS का नियम लागू होगा। वहीं, छोटे करदाताओं को अपनी विदेशी संपत्तियों की जानकारी देने के लिए 6 महीने की एक विशेष समयसीमा दी गई है। IT सेक्टर के लिए भी नियमों को आसान बनाया गया है, जहां सेफ हार्बर मार्जिन 15.5% तय किया गया है और इसकी सीमा 300 करोड़ से बढ़ाकर 2,000 करोड़ रुपये कर दी गई है।





