Gaza Rafah Border Reopen: इज़राइल ने 2 साल बाद खोला रफाह बॉर्डर, सिर्फ इन लोगों को मिलेगी जाने की इजाजत
इज़राइल ने रविवार, 1 फरवरी 2026 को गाजा और मिस्र के बीच महत्वपूर्ण रफाह बॉर्डर को फिर से खोल दिया है। यह बॉर्डर मई 2024 से बंद था और लगभग दो साल बाद यहां आंशिक रूप से हलचल शुरू हुई है। फिलहाल यह रास्ता केवल पैदल चलने वालों के लिए खोला गया है और यहाँ से किसी भी तरह के सामान या मानवीय सहायता के ट्रक नहीं गुजर सकेंगे। सोमवार, 2 फरवरी से आम लोगों की आवाजाही पूरी तरह शुरू हो जाएगी।
किसे मिलेगी आने-जाने की अनुमति?
अधिकारियों ने साफ किया है कि बॉर्डर पार करने की इजाजत सिर्फ फिलिस्तीनी निवासियों को ही मिलेगी। यह व्यवस्था पूरी तरह से लोगों की आवाजाही के लिए है। अभी के लिए तय किया गया है कि गाजा में प्रवेश करने वालों की संख्या लगभग 50 प्रतिदिन होगी, जबकि गाजा से बाहर निकलने वालों की संख्या 150 प्रतिदिन तक सीमित रहेगी।
जो लोग युद्ध के दौरान मिस्र या किसी अन्य जगह फंसे रह गए थे, उन्हें वापस लौटने का मौका दिया जा रहा है। हालांकि, अभी भी यह क्षमता काफी सीमित है और बहुत कम लोगों को ही रोजाना निकलने का मौका मिल पाएगा।
कैसी होगी सुरक्षा जांच की प्रक्रिया?
बॉर्डर पार करने के लिए काफी सख्त नियम बनाए गए हैं। यात्रा करने वाले लोगों के नाम कम से कम 24 घंटे पहले जमा करने होंगे। इसके बाद उनकी कई स्तरों पर जांच की जाएगी। सबसे पहले यूरोपियन यूनियन (EU) मिशन द्वारा स्क्रीनिंग होगी।
- इसके बाद इजराइली सुरक्षा एजेंसी Shin Bet कंट्रोल रूम से बायोमेट्रिक और फेस रिकग्निशन के जरिए जांच करेगी।
- अंत में गाजा के अंदर IDF द्वारा बनाए गए एक विशेष कॉरिडोर में शारीरिक जांच होगी।
- सुरक्षा कारणों से अभी किसी भी तरह के कमर्शियल या सहायता ट्रकों को यहाँ से जाने की अनुमति नहीं है।
फीस और पुराने खर्चे
इज़राइल और मिस्र की तरफ से अभी तक बॉर्डर पार करने के लिए किसी सरकारी फीस का ऐलान नहीं किया गया है। मिस्र के अधिकारियों का कहना है कि वे इसे एक सेवा के तौर पर देखते हैं। हालांकि, पिछले कुछ सालों में युद्ध के दौरान प्राइवेट एजेंटों ने लोगों को निकालने के लिए भारी रकम वसूली थी, जो $2,500 से $7,000 तक बताई गई थी। नए नियमों में यह देखना होगा कि क्या ऐसी वसूली पर रोक लग पाती है या नहीं।





