Israel-Iran War: खाड़ी देशों से आने वाले 50 अरब डॉलर पर संकट, 10 लाख भारतीयों की सुरक्षा सबसे बड़ी चिंता
खाड़ी क्षेत्र में बढ़ते तनाव और इजरायल-ईरान युद्ध के चलते भारत की अर्थव्यवस्था और वहां रह रहे लाखों भारतीयों पर गहरा असर पड़ने की आशंका है। ताजा रिपोर्टों के अनुसार, खाड़ी देशों से भारत आने वाले करीब 50 अरब डॉलर के रेमिटेंस यानी विदेशी मुद्रा पर जोखिम बढ़ गया है। केंद्र सरकार और विदेश मंत्रालय स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए हैं और नागरिकों की सुरक्षा को प्राथमिकता दी जा रही है।
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खाड़ी देशों में रह रहे भारतीयों की सुरक्षा और निकासी पर ताजा अपडेट
गल्फ देशों में रहने वाले करीब 90 लाख से 1 करोड़ भारतीयों की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ गई है। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल के अनुसार भारत इन हालातों से अनजान नहीं रह सकता और 1 मार्च से 7 मार्च 2026 के बीच करीब 52,000 भारतीयों को वापस लाया गया है। विदेश मंत्री एस जयशंकर ने भी राज्यसभा में कहा कि स्थिति काफी खराब हुई है और भारतीयों की सुरक्षा हमारी सबसे बड़ी प्राथमिकता है।
- तेहरान और रियाद के पास हमलों की खबरों के बाद भारतीय दूतावास अलर्ट पर हैं।
- IndiGo जैसी एयरलाइंस ने केवल निकासी के लिए सीमित उड़ानें शुरू की हैं।
- तेहरान, तेल अवीव, रियाद और दुबई में 24/7 हेल्पलाइन नंबर जारी किए गए हैं।
रेमिटेंस और व्यापार पर युद्ध का क्या होगा असर?
भारत को मिलने वाले कुल रेमिटेंस का लगभग 38 से 40 फीसदी हिस्सा अकेले GCC देशों से आता है। स्टेट बैंक ऑफ इंडिया की रिपोर्ट के मुताबिक लंबे समय तक चलने वाला युद्ध गल्फ देशों की अर्थव्यवस्था को कमजोर करेगा जिससे भारत आने वाले पैसों में कमी आएगी। इसके अलावा तेल की कीमतें 100 डॉलर प्रति बैरल तक पहुंचने से भी दबाव बढ़ रहा है।
| विषय | महत्वपूर्ण डेटा |
|---|---|
| कुल रेमिटेंस (FY25) | $138 अरब डॉलर |
| जोखिम में फंसी रकम | $50-52 अरब डॉलर |
| कच्चा तेल (Brent Crude) | $89-$100 प्रति बैरल |
वाणिज्य विभाग ने Strait of Hormuz बंद होने की वजह से निर्यातकों की मदद के लिए सपोर्ट डेस्क बनाई है। जानकारों का मानना है कि केरल, उत्तर प्रदेश और बिहार जैसे राज्यों के परिवारों पर इसका सबसे ज्यादा असर होगा क्योंकि वहां से बड़ी संख्या में लोग काम के लिए गल्फ जाते हैं। पेट्रोलियम मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने कहा है कि भारत के पास पर्याप्त भंडार है और फिलहाल पैनिक करने की जरूरत नहीं है।




