Iran Attack: कतर और सऊदी ने हवा में ही तबाह किए ईरान के ड्रोन और मिसाइल, नागरिकों के लिए अलर्ट जारी
15 मार्च 2026 को कतर और सऊदी अरब पर ईरान की तरफ से बड़ा हमला हुआ. ईरान ने ड्रोन और बैलिस्टिक मिसाइलों से कई ठिकानों को निशाना बनाने की कोशिश की. कतर और सऊदी अरब के एयर डिफेंस सिस्टम ने समय रहते इन हमलों को हवा में ही नाकाम कर दिया. कतर के रक्षा मंत्रालय ने इसकी पुष्टि की है और आम नागरिकों की सुरक्षा के लिए खास निर्देश जारी किए हैं.
हमले में क्या हुआ और कतर ने कैसे दिया जवाब?
कतर के रक्षा मंत्रालय के मुताबिक ईरान की ओर से 4 बैलिस्टिक मिसाइल और करीब 5 से 10 ड्रोन दागे गए थे. कतर के एयर डिफेंस सिस्टम ने इन सभी को लक्ष्य तक पहुंचने से पहले ही नष्ट कर दिया. वहीं सऊदी अरब के रक्षा मंत्रालय ने भी जानकारी दी है कि उन्होंने रियाद और पूर्वी क्षेत्रों के ऊपर 31 ड्रोन और कई बैलिस्टिक मिसाइलों को मार गिराया है.
कतर के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता माजिद अल-अंसारी ने साफ किया है कि उनका यह कदम सिर्फ आत्मरक्षा के लिए था. कतर ने संयुक्त राष्ट्र के नियमों का हवाला देते हुए कहा है कि उन्हें अपनी सुरक्षा का पूरा हक है और उन्होंने फिलहाल ईरान पर किसी बाहरी सैन्य हमले में हिस्सा नहीं लिया है.
आम लोगों और प्रवासियों के लिए क्या निर्देश हैं?
कतर के गृह मंत्रालय ने सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए कुछ महत्वपूर्ण और संवेदनशील इलाकों से लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया है. खाड़ी देशों में काम करने वाले भारतीयों और अन्य प्रवासियों के लिए खास एडवाइजरी जारी की गई है ताकि वे सुरक्षित रहें.
- सायरन बजने पर घबराएं नहीं और सुरक्षित इनडोर स्थानों पर ही रहें.
- अफवाहों पर ध्यान न दें और केवल रक्षा और गृह मंत्रालय की आधिकारिक जानकारी पर भरोसा करें.
- किसी भी संदिग्ध वस्तु या मलबे के पास न जाएं और तुरंत इमरजेंसी नंबर 999 पर कॉल करके जानकारी दें.
फ्लाइट्स और काम-काज पर इसका क्या असर पड़ेगा?
इस तनाव के बीच Qatar Airways ने अपनी इंटरनेशनल फ्लाइट्स का संचालन जारी रखा है. जो भारतीय या प्रवासी सफर करने वाले हैं उनके लिए राहत की बात है कि अंतरराष्ट्रीय उड़ानें सामान्य रूप से चल रही हैं. हालांकि कुछ लोकल उड़ानों में थोड़ी देरी देखी गई है.
दूसरी तरफ QatarEnergy ने गैस सुविधाओं की सुरक्षा को देखते हुए कुछ कॉन्ट्रैक्ट्स पर रोक लगा दी है. सरकार का पूरा फोकस अभी देश की सुरक्षा और नागरिकों को बचाने पर है. सऊदी अरब और कतर दोनों देशों की सेनाएं पूरी तरह से तैयार हैं और स्थिति पर नजर रखे हुए हैं.




