Kuwait Attack: कुवैत सेना ने हवा में मार गिराए 2 मिसाइल और 13 ड्रोन, नागरिकों के लिए अलर्ट जारी
कुवैत में पिछले 24 घंटों के दौरान एक बड़ा हमला नाकाम कर दिया गया है। कुवैत की सेना ने अपने एयर डिफेंस सिस्टम का इस्तेमाल करते हुए 2 बैलिस्टिक मिसाइल और 13 ड्रोन को हवा में ही नष्ट कर दिया। इस घटना में दो लोगों को मामूली चोटें आई हैं। रक्षा मंत्रालय ने साफ किया है कि देश की सुरक्षा व्यवस्था पूरी तरह से अलर्ट पर है और आम जनता को घबराने की कोई जरूरत नहीं है।
हमले और कुवैत सेना की कार्रवाई की जानकारी
16 मार्च की रात और 17 मार्च 2026 की सुबह कुवैत के अलग-अलग हिस्सों में धमाकों की तेज आवाजें सुनी गईं। बाद में सेना ने इस बात की पुष्टि की कि ये धमाके उनके एयर डिफेंस सिस्टम के थे, जो आसमान में आ रहे बाहरी खतरों को रोक रहे थे।
कुवैत के रक्षा मंत्रालय के प्रवक्ता ब्रिगेडियर जनरल सऊद अल-ओतैबी ने आधिकारिक बयान जारी कर बताया कि सेना ने कुल 15 टारगेट को सफलतापूर्वक नष्ट किया है। इनमें उत्तरी और दक्षिणी कुवैत के हवाई क्षेत्र शामिल हैं, जहां इन हमलों को विफल किया गया।
प्रवक्ता ने यह भी स्पष्ट किया कि कुवैत की एयर फोर्स और ग्राउंड एयर डिफेंस यूनिट्स 24 घंटे आसमान की निगरानी कर रही हैं। किसी भी संभावित खतरे से निपटने के लिए सेना पूरी तरह तैयार है और सुरक्षा एजेंसियों के साथ लगातार तालमेल बना कर चल रही है।
आम लोगों और प्रवासियों के लिए क्या है गाइडलाइन
कुवैत में रहने वाले स्थानीय नागरिकों और सभी प्रवासियों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है। रक्षा मंत्रालय और गृह मंत्रालय (Ministry of Interior) ने अपील की है कि लोग सिर्फ आधिकारिक जानकारी पर ही भरोसा करें और सोशल मीडिया की अफवाहों से बचें।
सुरक्षा अधिकारियों ने सख्त हिदायत दी है कि जिन जगहों पर मिसाइल या ड्रोन का मलबा गिरा हो, वहां किसी भी तरह की भीड़ न लगाएं। सुरक्षा बल और बचाव दल अपना काम कर रहे हैं और मलबे को हटाने की प्रक्रिया जारी है।
सरकार ने भरोसा दिलाया है कि देश के सभी अस्पताल पूरी क्षमता के साथ काम कर रहे हैं और राष्ट्रीय स्वास्थ्य व सुरक्षा की स्थिति स्थिर बनी हुई है। भारतीय और अन्य देशों के प्रवासियों को भी प्रशासन द्वारा दिए गए सुरक्षा निर्देशों का कड़ाई से पालन करने को कहा गया है।




