Kuwait Security Alert: कुवैत में नेताओं की हत्या की बड़ी आतंकी साजिश नाकाम, हिजबुल्लाह से जुड़े नेटवर्क का भंडाफोड़
कुवैत के गृह मंत्रालय और देश की सुरक्षा एजेंसियों ने एक बहुत बड़ी आतंकी साजिश को समय रहते नाकाम करने में सफलता हासिल की है। यह साजिश हिजबुल्लाह नाम के संगठन से जुड़ी बताई जा रही है, जिसका मकसद कुवैत के बड़े नेताओं और शासन के खास लोगों की हत्या करना था। सुरक्षा अधिकारियों ने बताया कि आतंकियों ने देश में हत्याओं को अंजाम देने और लोगों की भर्ती करने के लिए पूरा जाल बिछा रखा था। पकड़े गए लोगों ने इस बात को माना है कि वे इस संगठन में शामिल होकर विदेशों में हथियारों और बम बनाने की ट्रेनिंग ले चुके थे।
इस आतंकी नेटवर्क में कौन-कौन से लोग शामिल हैं?
कुवैत पुलिस की जांच में इस पूरी नेटवर्क की जानकारी सामने आई है। इस साजिश में कुल 20 लोगों के नाम सामने आए हैं, जिनमें से कुछ कुवैत के अंदर पकड़े गए हैं और कुछ विदेश भाग चुके हैं। प्रशासन ने इनकी जानकारी इस तरह साझा की है:
| पकड़े गए और फरार आरोपी | संख्या और नागरिकता |
|---|---|
| कुवैत के अंदर गिरफ्तार | 5 कुवैती नागरिक और 1 गैर-कुवैती (नागरिकता रद्द) |
| विदेश में फरार कुवैती | 5 कुवैती नागरिक |
| विदेश में फरार (नागरिकता रद्द वाले) | 5 लोग जिनकी नागरिकता छीन ली गई थी |
| विदेशी नागरिक (फरार) | 2 ईरानी और 2 लेबनानी नागरिक |
आतंकियों की ट्रेनिंग और क्या थी पूरी प्लानिंग?
पूछताछ और जांच के दौरान आरोपियों ने खुलासा किया कि उन्हें कुवैत से बाहर ले जाकर खास सैन्य ट्रेनिंग दी गई थी। इस ट्रेनिंग में आधुनिक हथियारों का इस्तेमाल करना, विस्फोटक बनाना और बड़े नेताओं की जासूसी करना सिखाया गया था। इन लोगों का मुख्य काम कुवैत के महत्वपूर्ण प्रतीकों और नेतृत्व को निशाना बनाना था। कुवैत सरकार ने अब मामले को पब्लिक प्रोसिक्यूशन को सौंप दिया है और बाकी बचे आरोपियों को पकड़ने के लिए तलाशी अभियान तेज कर दिया गया है।
कुवैत में रहने वाले भारतीय प्रवासियों और अन्य विदेशी नागरिकों के लिए यह सुरक्षा के लिहाज से बहुत बड़ी अपडेट है। कुवैत प्रशासन ने साफ किया है कि देश की सुरक्षा और शांति के खिलाफ काम करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा। सुरक्षा एजेंसियां अब देश के बाहर छिपे आरोपियों को वापस लाने के लिए अंतरराष्ट्रीय मदद भी ले रही हैं।




