कुवैत सरकार ने रेडिएशन लीक की खबरों को नकारा, कहा देश में सब सुरक्षित है, लोग न करें अफवाहों पर यकीन
कुवैत में रेडिएशन लीक होने की अफवाहों पर सरकार ने अब पूरी तरह विराम लगा दिया है। स्वास्थ्य मंत्रालय और रक्षा विभाग ने आधिकारिक तौर पर पुष्टि की है कि देश के किसी भी हिस्से में कोई ज़हरीला रिसाव नहीं हुआ है और हवा की गुणवत्ता बिल्कुल सामान्य है। यह जानकारी उन हजारों भारतीय प्रवासियों के लिए भी बड़ी राहत की बात है जो वहां रहकर काम कर रहे हैं। प्रशासन ने साफ किया है कि निगरानी सिस्टम 24 घंटे काम कर रहे हैं और घबराने जैसी कोई बात नहीं है।
क्या कुवैत में रेडिएशन का कोई खतरा है?
कुवैत के रक्षा और गृह मंत्रालय के अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि देश की सीमाओं के भीतर कोई रेडिएशन नहीं पाया गया है। जांच रिपोर्ट में सामने आया है कि कुवैत के सबसे नज़दीक स्थित परमाणु रिएक्टर भी देश से 240 किलोमीटर से ज्यादा दूर है। इतनी अधिक दूरी होने के कारण किसी भी संभावित रिसाव का असर कुवैत तक पहुंचना बहुत मुश्किल है। अधिकारियों का कहना है कि अगर पड़ोसी देशों में कुछ होता भी है, तो दूरी की वजह से प्रदूषित कण रास्ते में ही गिर जाएंगे और कुवैत सुरक्षित रहेगा।
सोशल मीडिया पर वायरल फर्जी तस्वीरों की सच्चाई
पिछले 24 घंटों में इंटरनेट पर कुछ ऐसी तस्वीरें और खबरें फैलाई गईं जिनमें दावा किया गया कि लोग डर के मारे सऊदी अरब की तरफ भाग रहे हैं। जांच में यह सभी दावे और तस्वीरें पूरी तरह से नकली और AI द्वारा बनाई गई पाई गई हैं। सरकार ने लोगों से अपील की है कि वे सोशल मीडिया की अफवाहों में न आएं। सुरक्षा के लिहाज से कुछ जरूरी बातें साझा की गई हैं:
- निगरानी प्रणाली: कुवैत नेशनल गार्ड ने पुष्टि की है कि हवा और समुद्र के पानी की जांच में कोई असामान्य रेडिएशन नहीं मिला है।
- आधिकारिक स्रोत: किसी भी जानकारी के लिए केवल सरकारी बयानों और भरोसेमंद समाचारों पर ही यकीन करें।
- बचाव के तरीके: स्वास्थ्य विभाग ने एहतियात के तौर पर सलाह दी है कि किसी भी आपात स्थिति में घर के अंदर रहें और खिड़कियां बंद रखें।
- सुरक्षा व्यवस्था: क्षेत्रीय तनाव को देखते हुए सरकार ने सुरक्षा नियमों को और कड़ा कर दिया है ताकि आम लोगों को कोई दिक्कत न हो।




