अमेरिका का ईरान पर बड़ा फैसला, यूरेनियम जब्त करने के लिए ग्राउंड ऑपरेशन की तैयारी, ट्रंप ने मांगा पूरा प्लान
अमेरिका और ईरान के बीच चल रहे तनाव के बीच एक बड़ी खबर सामने आई है। वॉशिंगटन पोस्ट की रिपोर्ट के मुताबिक, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को ईरान के संवर्धित यूरेनियम (Enriched Uranium) को अपने कब्जे में लेने के लिए एक सैन्य योजना पेश की गई है। इस योजना के तहत अमेरिकी सेना जमीन पर उतरकर ईरान के परमाणु भंडार को जब्त कर सकती है। डोनाल्ड ट्रंप ने इस मामले में पेंटागन से ब्रीफिंग ली है और अब पूरी दुनिया की नजरें 1 अप्रैल 2026 को होने वाले उनके संबोधन पर टिकी हैं।
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क्या है अमेरिकी सेना का पूरा प्लान और इसमें कितने खतरे हैं?
पेंटागन ने राष्ट्रपति ट्रंप को जो योजना बताई है, वह काफी जटिल और जोखिम भरी मानी जा रही है। इस मिशन का मुख्य उद्देश्य ईरान के उस यूरेनियम को सुरक्षित करना है जो जमीन के काफी नीचे दबा हुआ है।
- रिपोर्ट के अनुसार ईरान के पास लगभग 970 पाउंड संवर्धित यूरेनियम मौजूद है।
- इस सामग्री को निकालने के लिए हजारों सैनिकों और खुदाई करने वाले भारी उपकरणों को एयरलिफ्ट करने की योजना है।
- एक्सपर्ट्स का मानना है कि इस दौरान रेडिएशन और केमिकल का बड़ा खतरा हो सकता है।
- यह यूरेनियम एक पहाड़ के नीचे बने ठिकाने के मलबे में दबा हो सकता है जिसे पहले अमेरिकी बमबारी में निशाना बनाया गया था।
- डोनाल्ड ट्रंप ने हाल ही में कहा था कि ईरान को अपना परमाणु कचरा अमेरिका को सौंप देना चाहिए।
ईरान की क्या प्रतिक्रिया है और वहां अभी क्या हालात हैं?
ईरान ने अमेरिका की इस योजना और किसी भी जमीनी हमले को लेकर कड़ी चेतावनी जारी की है। ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने कहा है कि अगर अमेरिकी सैनिक जमीन पर उतरते हैं, तो उन्हें बहुत भारी नुकसान उठाना पड़ेगा। ईरान ने अमेरिका द्वारा प्रस्तावित 15 सूत्री शांति योजना को भी खारिज कर दिया है क्योंकि इसमें यूरेनियम छोड़ने की शर्त रखी गई थी।
| महत्वपूर्ण जानकारी | ताजा अपडेट |
|---|---|
| यूरेनियम की मात्रा | लगभग 440.9 किलोग्राम (972 पाउंड) जो 60% तक शुद्ध है। |
| सैन्य तैनाती | मिडल ईस्ट में हजारों अतिरिक्त अमेरिकी मरीन और पैराट्रूपर्स भेजे गए हैं। |
| ट्रंप का संबोधन | 1 अप्रैल 2026 को रात 9 बजे (EDT) टीवी पर संबोधन होगा। |
| ईरान का स्टैंड | शांति प्रस्ताव खारिज किया और कहा परमाणु कार्यक्रम शांतिपूर्ण है। |
डोनाल्ड ट्रंप ने अलग-अलग मौकों पर इस मुद्दे पर विरोधाभासी बयान भी दिए हैं। एक तरफ उन्होंने रॉयटर्स से कहा कि उन्हें जमीन के नीचे दबे यूरेनियम की परवाह नहीं है क्योंकि सैटेलाइट से उस पर नजर रखी जा रही है, वहीं दूसरी तरफ वह सैन्य कार्रवाई की योजना पर भी चर्चा कर रहे हैं। फिलहाल खाड़ी क्षेत्र में तनाव काफी बढ़ गया है और प्रवासियों के बीच भी इस स्थिति को लेकर चिंता देखी जा रही है।




