पाकिस्तान में पेट्रोल और डीजल के दाम में भारी बढ़ोतरी, ईरान युद्ध के कारण 185 रुपये तक महंगी हुई कीमतें.
पाकिस्तान की सरकार ने पेट्रोल और डीजल की कीमतों में ऐतिहासिक बढ़ोतरी कर दी है। ईरान और अमेरिका-इजरायल के बीच चल रहे युद्ध के कारण वैश्विक तेल सप्लाई पर बहुत बुरा असर पड़ा है। इस संकट की वजह से पाकिस्तान में डीजल के दाम लगभग 55 प्रतिशत और पेट्रोल के दाम 40 प्रतिशत से ज्यादा बढ़ गए हैं। पाकिस्तान के वित्त मंत्री मोहम्मद औरंगजेब और पेट्रोलियम मंत्री अली परवेज मलिक ने इन नई कीमतों का ऐलान किया जो 3 अप्रैल 2026 से प्रभावी हो गई हैं।
कितनी बढ़ी पेट्रोल और डीजल की नई कीमतें?
पाकिस्तान सरकार ने तेल की कीमतों में भारी इजाफा किया है जिससे आम जनता पर बोझ बढ़ गया है। पेट्रोल अब 458 रुपये के पार पहुंच गया है।
| ईंधन का नाम | बढ़ोतरी (प्रति लीटर) | नई कीमत (प्रति लीटर) |
|---|---|---|
| पेट्रोल | Rs 137 | Rs 458.4 |
| डीजल (HSD) | Rs 185 | Rs 520.35 |
कीमतें बढ़ाने के पीछे सरकार ने क्या तर्क दिया?
पाकिस्तानी अधिकारियों का कहना है कि मिडिल ईस्ट में चल रहे संघर्ष की वजह से स्ट्रेट ऑफ हॉर्मुज बंद हो गया है जिससे कच्चे तेल की सप्लाई बाधित हुई है। इसके अलावा अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष यानी IMF ने भी सरकार को सब्सिडी जारी रखने की अनुमति नहीं दी। सरकार ने बताया कि पेट्रोल पर लेवी को 106 रुपये से बढ़ाकर 161 रुपये कर दिया गया है। राजकोषीय स्थिरता बनाए रखने के लिए सरकार ने जनता पर यह बोझ डालना जरूरी बताया है।
आम जनता को राहत देने के लिए क्या हुए ऐलान?
बढ़ती महंगाई के बीच सरकार ने कुछ राहत उपायों की भी घोषणा की है ताकि गरीब तबके को थोड़ी मदद मिल सके।
- मोटरसाइकिल चलाने वालों को महीने में 20 लीटर तक के पेट्रोल पर 100 रुपये प्रति लीटर की सब्सिडी दी जाएगी।
- खाद्य सामग्री ले जाने वाले ट्रकों के लिए 70,000 रुपये की सीधी वित्तीय सहायता का प्रावधान किया गया है।
- कैबिनेट मंत्रियों ने स्वेच्छा से दो महीने का वेतन न लेने का फैसला किया है।
- सरकारी स्तर पर ईंधन की खपत में 50 प्रतिशत तक की कटौती और आधिकारिक वाहनों के इस्तेमाल पर पाबंदी लगाई गई है।




