इसराइल ने ईरान के पेट्रोकेमिकल प्लांट पर किया हमला, 85% एक्सपोर्ट हुआ ठप, मचा हड़कंप
ईरान और इसराइल के बीच चल रहा तनाव अब एक बड़े युद्ध की तरफ बढ़ता दिख रहा है. इसराइल ने ईरान के सबसे महत्वपूर्ण पेट्रोकेमिकल प्लांट पर हमला कर उसे पूरी तरह तबाह कर दिया है. इस हमले की वजह से ईरान का 85% पेट्रोकेमिकल एक्सपोर्ट रुक गया है. इस खबर के आने के बाद पूरी दुनिया के तेल और गैस बाजार में खलबली मच गई है और खाड़ी देशों में भी सुरक्षा बढ़ा दी गई है.
किन-किन जगहों को बनाया गया निशाना?
इसराइल के रक्षा मंत्री Israel Katz ने जानकारी दी है कि उनकी सेना ने Asaluyeh में मौजूद South Pars पेट्रोकेमिकल प्लांट पर हमला किया है. यह ईरान का सबसे बड़ा प्लांट माना जाता है और देश की आधी पेट्रोकेमिकल जरूरतें यहीं से पूरी होती थीं. इससे पहले 4 अप्रैल को Khuzestan के कई इलाकों में भी हमले हुए थे. इन हमलों में हुए नुकसान की जानकारी नीचे दी गई है:
| इलाका | प्रभावित प्लांट के नाम |
|---|---|
| Asaluyeh | South Pars Petrochemical Plant |
| Mahshahr Zone | Fajr 1 और Fajr 2 |
| Mahshahr Zone | Rejal Petrochemical, Amir Kabir |
| Mahshahr Zone | Abou Ali Complex |
| Khuzestan | Bandar-e Imam Khomeini Facility |
ईरान और दुनिया पर इसका क्या असर पड़ेगा?
ईरान के विदेश मंत्री Abbas Araghchi ने इन हमलों पर कड़ी नाराजगी जताई है और कहा है कि इस तरह के हमले खतरनाक साबित हो सकते हैं. ईरान की IRGC ने भी धमकी दी है कि वे खाड़ी क्षेत्र में जवाबी कार्रवाई करेंगे, जिससे वहां रहने वाले प्रवासियों और व्यापार पर असर पड़ सकता है. इस हमले में अब तक 5 लोगों की मौत और 170 के घायल होने की खबर है. अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump ने भी ईरान को अपनी सीमाएं और समुद्री रास्ते खोलने की चेतावनी दी है. अगर यह विवाद और बढ़ता है, तो खाड़ी देशों से आने वाले तेल की कीमतों में भारी उछाल आ सकता है, जिसका सीधा असर भारत जैसे देशों पर पड़ेगा.




