US और ईरान के बीच इस्लामाबाद में होगी बड़ी बैठक, शुक्रवार को आमने-सामने बैठेंगे जेडी वेंस और गालिबाफ.
ईरान और अमेरिका के बीच लंबे समय से चल रही तनातनी को खत्म करने के लिए एक बड़ी खबर सामने आई है। शुक्रवार, 10 अप्रैल 2026 को पाकिस्तान की राजधानी इस्लामाबाद में दोनों देशों के बीच हाई-लेवल बैठक होने वाली है। इस बातचीत में अमेरिका की तरफ से उप-राष्ट्रपति JD Vance और ईरान की तरफ से वहां के संसद अध्यक्ष Mohammad Bagher Ghalibaf हिस्सा लेंगे। यह पहली बार है जब युद्ध जैसे हालात के बीच दोनों देशों के प्रतिनिधि आमने-सामने बैठकर चर्चा करेंगे।
बैठक का शेड्यूल और पाकिस्तान की भूमिका
पाकिस्तान इस ऐतिहासिक वार्ता की मेजबानी और मध्यस्थता कर रहा है। प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने दोनों देशों के प्रतिनिधियों को बातचीत के लिए आमंत्रित किया है और युद्धविराम का स्वागत किया है। बैठक से जुड़ी कुछ जरूरी जानकारी इस प्रकार है:
- बैठक की तारीख: शुक्रवार, 10 अप्रैल 2026 को चर्चा शुरू होगी।
- सीजफायर: पाकिस्तान की कोशिशों से बुधवार सुबह 03:30 बजे से दो हफ्ते के लिए युद्धविराम लागू कर दिया गया है।
- स्थान: सभी वार्ताएं पाकिस्तान के इस्लामाबाद में आयोजित की जाएंगी।
- पिछली कोशिश: इससे पहले मार्च और अप्रैल की शुरुआत में जेडी वेंस की यात्रा की कोशिशें नाकाम हो गई थीं।
बातचीत के मुख्य मुद्दे और ईरान का पक्ष
ईरान इस वार्ता में अपने 10-सूत्रीय ढांचे के आधार पर चर्चा करेगा। ईरानी अधिकारियों का कहना है कि वे अमेरिकी पक्ष पर पूरी तरह भरोसा नहीं करते हैं, लेकिन कूटनीति के लिए तैयार हैं। बातचीत में शामिल होने वाले मुख्य बिंदु नीचे दिए गए हैं:
| मुद्दा | विवरण |
|---|---|
| परमाणु कार्यक्रम | ईरान के न्यूक्लियर प्रोग्राम पर विस्तार से चर्चा होगी। |
| प्रतिबंध | पिछले 40 वर्षों से लगे प्राथमिक और माध्यमिक प्रतिबंधों को हटाने की मांग। |
| क्षेत्रीय सुरक्षा | खाड़ी देशों और आसपास के इलाकों में शांति बहाल करने पर जोर। |
| अमेरिकी रुख | राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान के प्रस्ताव को बातचीत के लिए एक अच्छा आधार माना है। |
इस बैठक पर पूरी दुनिया की नजरें टिकी हुई हैं क्योंकि इसके नतीजों से खाड़ी देशों में शांति और तेल की कीमतों पर भी बड़ा असर पड़ सकता है। प्रवासियों के लिए भी यह खबर राहत भरी है क्योंकि क्षेत्र में शांति होने से यात्रा और काम के माहौल में सुधार होने की उम्मीद है।




