अबू धाबी में मिसाइल हमले से 1 की मौत, कुवैत ने ईरान की कड़ी निंदा की, एयरपोर्ट जाने वाले यात्री रहें सतर्क
Abu Dhabi के अल-बाहिया (Al-Bahiya) इलाके में एक नागरिक वाहन पर हुए मिसाइल हमले में एक व्यक्ति की जान चली गई और कई लोग घायल हो गए. कुवैत के विदेश मंत्रालय ने लगातार हो रहे इन ईरानी हमलों की कड़ी निंदा की है और इसे अंतरराष्ट्रीय कानूनों का खुला उल्लंघन बताया है. इस घटना के बाद यूएई और आसपास के गल्फ देशों में हाई अलर्ट जारी है और यातायात व उड़ानों पर भी बड़ा असर पड़ा है.
क्या है हमले की पूरी जानकारी?
16 मार्च 2026 की सुबह अबू धाबी के अल-बाहिया क्षेत्र में एक मिसाइल सीधे एक आम नागरिक के वाहन से टकराई. इस घटना में एक फिलिस्तीनी नागरिक की मौत की पुष्टि हुई है और कई अन्य लोग घायल हुए हैं. कुवैत न्यूज एजेंसी (KUNA) द्वारा जारी बयान के अनुसार, कुवैत ने इसे क्षेत्रीय सुरक्षा के लिए गंभीर खतरा बताया है. यूएई के रक्षा मंत्रालय ने जानकारी दी है कि उन्होंने पिछले 24 घंटों में 4 बैलिस्टिक मिसाइलें और 6 ड्रोन को हवा में ही नष्ट कर दिया है. जानकारों के मुताबिक इस तनाव की शुरुआत से अब तक यूएई 300 से ज्यादा मिसाइलें और 1600 ड्रोन रोक चुका है.
गल्फ देशों में अलर्ट और यात्रियों के लिए निर्देश
लगातार हो रहे हमलों के कारण दुबई और अबू धाबी में कई प्रमुख रास्तों और एयरपोर्ट सेवाओं पर बुरा असर पड़ा है. फ्यूल टैंक पर हुए एक ड्रोन हमले के कारण दुबई में एयरपोर्ट स्ट्रीट और एयरपोर्ट टनल को अस्थायी रूप से बंद किया गया और फ्लाइट्स की आवाजाही को भी सीमित किया गया है. कुवैत की सेना ने भी 14 ड्रोन डिटेक्ट किए, जिनमें से 8 को नष्ट कर दिया गया और मलबा गिरने से 3 जवान मामूली रूप से घायल हुए. यूएई प्रशासन ने सभी नागरिकों और प्रवासियों को चेतावनी दी है कि वे केवल आधिकारिक खबरों पर भरोसा करें. जो लोग भारत या अन्य देशों की यात्रा करने वाले हैं, उन्हें एयरपोर्ट निकलने से पहले अपनी फ्लाइट का स्टेटस चेक करने की सलाह दी गई है.
अन्य देशों के नेताओं की प्रतिक्रियाएं
इस बड़े हमले के बाद यूएई के राष्ट्रपति शेख मोहम्मद बिन जायद और सऊदी क्राउन प्रिंस मोहम्मद बिन सलमान ने फोन पर चर्चा की और इसे पूरे क्षेत्र के लिए एक बड़ा खतरा बताया. सऊदी अरब के रक्षा मंत्रालय ने भी पूर्वी क्षेत्र में 7 ड्रोन नष्ट करने की बात कही है. अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि इस मामले पर ईरान के साथ बातचीत चल रही है, लेकिन ईरान अभी किसी समझौते के लिए तैयार नहीं है. वहीं ओमान के विदेश मंत्रालय ने उम्मीद जताई है कि तनाव के बावजूद कूटनीति के रास्ते अब भी खुले हैं.




