27 जनवरी 2026 को भारत और European Union (EU) ने मुक्त व्यापार समझौते (FTA) की वार्ता पूरी होने की आधिकारिक घोषणा की थी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इसे “Mother of All Deals” कहा था। कानूनी समीक्षा के बाद अगले 5-6 महीनों में औपचारिक हस्ताक्षर होने की समयसीमा बताई गई थी।
इस डील में टैरिफ कटौती, भारतीय निर्यात को ईयू बाजार में ज्यादा पहुंच और कुछ नए सहयोग शामिल रहे। समझौता 2027 तक पूरी तरह लागू होने की उम्मीद बताई गई थी।
भारत-ईयू FTA की घोषणा कब हुई थी
- 26 जनवरी 2026: वार्ता का समापन हुआ था
- 27 जनवरी 2026: 16वें India-EU Summit (नई दिल्ली) में आधिकारिक घोषणा हुई थी
- हस्ताक्षर: Legal Scrubbing में 5-6 महीने लगने की बात कही गई थी
- लागू होने की उम्मीद: 2027 तक पूरी तरह प्रभावी होने की उम्मीद बताई गई थी
किस-किस सामान पर टैरिफ कम या खत्म होने की बात रही
| सेक्टर/प्रोडक्ट | बताई गई टैरिफ कटौती |
|---|---|
| ईयू से भारत आने वाले सामान | करीब 96.6% – 97% वस्तुओं पर शुल्क खत्म या काफी कम |
| Cars (Automobiles) | 110% से चरणबद्ध तरीके से 10% तक लाने की बात, शुरुआती कटौती 40% तक संभावित |
| Wine | 150% से 20% |
| Other Spirits | 150% से 40% |
| Processed food (पास्ता, चॉकलेट) | 50% से 0% |
| Chemicals | ईयू के रसायनों पर शुल्क हटाने की बात |
| Medical/Surgical equipment | करीब 90% उपकरणों पर शुल्क समाप्त |
भारत के किन निर्यातकों को ईयू बाजार में फायदा मिलने की बात रही
- भारत के Textiles को ईयू में शुल्क-मुक्त पहुंच मिलने की बात रही
- Gems & Jewellery और Leather सेक्टर को फायदा मिलने की बात रही
- Seafood को भी ईयू बाजार में बेहतर पहुंच बताई गई
डील में किन नेताओं और संस्थाओं का नाम सामने रहा
- भारत: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, वाणिज्य मंत्री Piyush Goyal, वाणिज्य सचिव Rajesh Agrawal
- EU: European Commission की अध्यक्ष Ursula von der Leyen, European Council के अध्यक्ष Antonio Costa
- ट्रेड लक्ष्य: अगले एक दशक में द्विपक्षीय व्यापार को $250 बिलियन तक पहुंचाने का लक्ष्य बताया गया
पिछले 24 घंटे में किन अपडेट्स की जानकारी दी गई थी
- पीएम मोदी ने India Energy Week और शिखर सम्मेलन के दौरान डील को वैश्विक GDP के 25% और वैश्विक व्यापार के एक-तिहाई हिस्से का प्रतिनिधित्व करने वाला बताया था
- भारत और ईयू ने व्यापार के साथ Security and Defence Partnership पर भी हस्ताक्षर किए थे
- EU ने अगले दो वर्षों में €500 million (लगभग ₹4,500 करोड़) की पर्यावरण सहायता की प्रतिबद्धता जताई थी
- टैरिफ कटौती की खबरों के बाद भारतीय ऑटो कंपनियों के शेयरों में हलचल देखी गई थी




