Strait of Hormuz में फिर शुरू होगी भारतीय गैस टैंकरों की आवाजाही, तैयारी पूरी होने की खबर
Strait of Hormuz के रास्ते भारतीय गैस टैंकरों की आवाजाही को लेकर बड़ी खबर सामने आई है। ताजा रिपोर्ट के मुताबिक, भारतीय गैस टैंकर इस अहम समुद्री रास्ते से अपनी यात्रा फिर से शुरू करने की तैयारी कर रहे हैं। पिछले कुछ समय से इस इलाके में चल रहे तनाव की वजह से भारतीय जहाजों की आवाजाही प्रभावित हुई थी, जिससे बड़ी मात्रा में ईंधन की सप्लाई रुकी हुई थी।
भारतीय जहाजों की ताजा स्थिति क्या है?
अल जजीरा की रिपोर्ट के अनुसार, भारतीय गैस टैंकरों ने Strait of Hormuz से गुजरने के लिए अपनी तैयारी तेज कर दी है। इससे पहले मार्च के मध्य में Shivalik और Nanda Devi जैसे टैंकरों ने करीब 92,700 मीट्रिक टन गैस लेकर इस रास्ते को पार किया था। इस नए अपडेट से उम्मीद जागी है कि फंसे हुए अन्य जहाज भी अब धीरे-धीरे अपनी मंजिल की ओर बढ़ सकेंगे। भारत सरकार का शिपिंग मंत्रालय और विदेश मंत्री S. Jaishankar इस पूरे मामले पर नजर बनाए हुए हैं ताकि सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।
क्रू और सामान की सुरक्षा को लेकर अहम जानकारी
Strait of Hormuz के पास फंसे जहाजों और उनमें मौजूद क्रू मेंबर्स की सुरक्षा भारत के लिए सबसे बड़ी प्राथमिकता बनी हुई है। इस क्षेत्र में जहाजों के फंसे होने से सप्लाई चेन पर भी असर पड़ा है।
- करीब 22 भारतीय जहाज फिलहाल स्ट्रेट के पश्चिमी हिस्से में रुके हुए थे।
- इन जहाजों पर कुल 611 क्रू मेंबर्स सवार हैं जो सुरक्षित वापसी का इंतजार कर रहे हैं।
- इन जहाजों में कुल मिलाकर लगभग 1.67 मिलियन टन कच्चा तेल, LPG और LNG मौजूद है।
- ईरान और भारत के बीच राजनयिक स्तर पर बातचीत जारी है ताकि जहाजों को सुरक्षित रास्ता मिल सके।
भारत के लिए यह समुद्री रास्ता ऊर्जा सुरक्षा के लिहाज से बहुत जरूरी है, क्योंकि यहीं से देश की जरूरत का बड़ा हिस्सा आयात होता है। टैंकरों की तैयारी इस बात का संकेत है कि आने वाले दिनों में स्थिति सामान्य हो सकती है।




