Iran Strait of Hormuz Update: ईरान ने भारत और चीन समेत 5 देशों को दी समुद्री रास्ते से गुजरने की इजाजत, अमेरिका पर रोक जारी
ईरान के विदेश मंत्री अराघची ने ऐलान किया है कि होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) के महत्वपूर्ण समुद्री रास्ते से केवल मित्र देशों के जहाजों को ही जाने दिया जाएगा। इसमें भारत, चीन, रूस, इराक और पाकिस्तान को शामिल किया गया है। विदेश मंत्री के अनुसार दुश्मन देशों के लिए यह रास्ता पूरी तरह बंद रहेगा। यह फैसला क्षेत्र में चल रहे तनाव और अंतरराष्ट्रीय सुरक्षा नियमों के तहत लिया गया है।
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किन देशों के जहाजों को मिलेगी सुरक्षित एंट्री?
ईरान की सरकारी समाचार एजेंसी IRNA के मुताबिक सरकार ने उन देशों की सूची जारी की है जिन्हें वह अपना दोस्त मानता है। इन देशों के जहाजों को समुद्री रास्ते से गुजरने में कोई परेशानी नहीं होगी।
- भारत: भारत के व्यापारिक और तेल जहाजों को सुरक्षा के साथ रास्ता दिया जाएगा।
- चीन और रूस: इन दोनों देशों को ईरान ने अपनी मित्र सूची में रखा है।
- इराक और पाकिस्तान: इन पड़ोसी देशों के ट्रांजिट पर भी कोई रोक नहीं होगी।
- जापान: जापान के साथ भी ईरान बातचीत के बाद रास्ता देने को तैयार है।
ईरान के अधिकारियों ने साफ किया है कि जो जहाज सुरक्षा नियमों का पालन करेंगे और ईरान के खिलाफ किसी गतिविधि में शामिल नहीं होंगे, उन्हें सुरक्षित रास्ता मुहैया कराया जाएगा।
तनाव और तेल की कीमतों पर क्या होगा असर?
ईरान ने अंतरराष्ट्रीय समुद्री संगठन (IMO) को आधिकारिक तौर पर अपने नियमों की जानकारी दे दी है। इस फैसले का सीधा असर दुनिया भर में तेल की सप्लाई और उसकी कीमतों पर पड़ रहा है।
| प्रमुख जानकारी | वर्तमान स्थिति |
|---|---|
| प्रतिबंधित देश | अमेरिका और इजरायली शासन |
| तनाव की शुरुआत | 28 फरवरी 2026 से जारी संघर्ष |
| शांति वार्ता | ईरान ने अमेरिकी शांति प्रस्ताव को ठुकराया |
ईरान के संसद अध्यक्ष मोहम्मद बाकर कलिबाफ ने चेतावनी दी है कि अगर किसी देश ने दुश्मन की मदद की, तो उनके बुनियादी ढांचे को निशाना बनाया जा सकता है। वहीं फिलीपींस जैसे देशों ने अपने यहां ऊर्जा आपातकाल को देखते हुए इस समुद्री रास्ते को तुरंत पूरी तरह खोलने की मांग की है क्योंकि इससे वैश्विक बाजार में तेल और गैस की कीमतें बढ़ रही हैं।




