ईरान ने इस्फहान में अमेरिकी विमान गिराने का किया दावा, मलबे की तस्वीरें जारी, अमेरिका ने दी अपनी सफाई.
ईरान और अमेरिका के बीच तनाव एक बार फिर चरम पर पहुंच गया है. ईरान की मीडिया और सैन्य एजेंसियों ने दावा किया है कि उन्होंने इस्फहान के दक्षिणी इलाके में एक अमेरिकी C-130 सैन्य विमान और दो हेलीकॉप्टरों को मार गिराया है. हालांकि अमेरिका ने अपने जवानों के मारे जाने की खबर से इनकार किया है और एक अलग ही जानकारी साझा की है. खाड़ी देशों में चल रही इस हलचल ने पूरी दुनिया का ध्यान अपनी ओर खींच लिया है और प्रवासियों के बीच सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ गई है.
ईरान ने किन विमानों को गिराने का दावा किया है?
ईरान की सैन्य कमान और तस्नीम न्यूज एजेंसी के मुताबिक, उन्होंने इस्फहान के ऊपर कई अमेरिकी विमानों को निशाना बनाया है. इसमें एक C-130 सैन्य परिवहन विमान, दो ब्लैक हॉक हेलीकॉप्टर और एक इजरायली MQ-9 रीपर ड्रोन शामिल हैं. ईरान का कहना है कि ये विमान उस पायलट को बचाने की कोशिश कर रहे थे जिसका F-15 लड़ाकू विमान पहले ही गिराया जा चुका था. ईरानी सुरक्षा बलों ने मलबे की तस्वीरें भी जारी की हैं और बताया है कि उनकी कमांडो यूनिट ने भारी गोलाबारी कर इन विमानों को नष्ट किया है. इस हमले में पांच लोगों के मारे जाने की भी खबर ईरानी मीडिया ने दी है.
इस घटना पर अमेरिका और अन्य रिपोर्टों का क्या कहना है?
अमेरिकी प्रशासन ने ईरान के इन दावों पर अभी तक कोई सीधा आधिकारिक बयान नहीं दिया है लेकिन राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने सोशल मीडिया पर पुष्टि की है कि लापता पायलट को सुरक्षित बचा लिया गया है. उन्होंने स्पष्ट किया कि इस अभियान में किसी भी अमेरिकी सैनिक की जान नहीं गई है. वहीं कुछ अमेरिकी मीडिया रिपोर्टों में यह बताया गया है कि दो विमानों को ईरानी सेना के कब्जे में जाने से बचाने के लिए खुद अमेरिकी सेना ने ही जानबूझकर नष्ट कर दिया था. इस समय पूरे क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था काफी कड़ी कर दी गई है. भारत से खाड़ी देशों की यात्रा करने वालों और वहां रहने वाले भारतीयों को सलाह दी जाती है कि वे आधिकारिक सूचनाओं पर ही भरोसा करें.
| तारीख | घटना का विवरण | दावा करने वाली संस्था |
|---|---|---|
| 3 अप्रैल, 2026 | F-15E विमान गिराने का दावा | ईरानी सेना |
| 5 अप्रैल, 2026 | C-130 और 2 ब्लैक हॉक नष्ट | IRGC/FARAJA |
| 5 अप्रैल, 2026 | MQ-9 रीपर ड्रोन गिराया | ईरान सेना |
| 5 अप्रैल, 2026 | पायलट का सफल बचाव | अमेरिकी राष्ट्रपति |
| 28 फरवरी, 2026 | ईरान पर संयुक्त हमला | अमेरिका/इजरायल |




