Iran Frozen Funds: ईरान के 6 अरब डॉलर पर बड़ा अपडेट, साउथ अफ्रीका में दूतावास ने कहा शर्तें मान ली गई हैं
ईरान के फ्रीज हुए 6 अरब डॉलर को लेकर एक बड़ी खबर सामने आई है। साउथ अफ्रीका में ईरान के दूतावास ने ऐलान किया है कि जरूरी शर्तें मान ली गई हैं। यूनिवर्सिटी ऑफ तेहरान के प्रोफेसर ज़ोहरा खराजमी ने बताया कि यह मामला अमेरिका के साथ चल रही बातचीत और फंसे हुए पैसों को वापस पाने से जुड़ा हो सकता है।
6 अरब डॉलर का पूरा मामला क्या है
यह पैसा असल में दक्षिण कोरिया के बैंकों से सितंबर 2023 में कैदियों की अदला-बदली के सौदे के तहत कतर भेजा गया था। लेकिन 7 अक्टूबर 2023 को हमास हमले के बाद अमेरिका और कतर ने इन खातों को पूरी तरह फ्रीज कर दिया। फिलहाल यह 6 अरब डॉलर कतर के बैंकों में जमा हैं, लेकिन ईरान इन्हें निकाल नहीं पा रहा है।
ईरान की क्या मांगें और शर्तें थीं
- ईरान के संसद स्पीकर मोहम्मद बागर गालिबाफ ने कहा था कि अमेरिका से बात तभी होगी जब लेबनान में युद्धविराम होगा और फ्रीज हुए पैसे वापस मिलेंगे।
- 9 अप्रैल 2026 को एक वरिष्ठ ईरानी अधिकारी ने मांग की थी कि दो हफ्ते के भीतर यह पैसा रिलीज किया जाए।
- यह मांग कैदियों की रिहाई और अमेरिकी प्रतिबंधों में ढील देने की चर्चाओं से जुड़ी थी।
राजनयिक संबंधों की मौजूदा स्थिति
हाल के दिनों में अमेरिका और ईरान के बीच बातचीत को लेकर मिली-जुली खबरें आई हैं। 7 अप्रैल 2026 को ऐसी रिपोर्ट आई थी कि डोनाल्ड ट्रंप की धमकियों के बाद सभी राजनयिक रास्ते बंद कर दिए गए हैं। वहीं दूसरी तरफ, ईरान के दूतावास सोशल मीडिया पर बातचीत के संकेत भी दे रहा है।




