Iran-Israel War Update: ईरान ने दागी इजरायल पर मिसाइलें, कुवैत और इराक में अमेरिकी बेस पर भी किया हमला
इजरायल और ईरान के बीच चल रहे युद्ध का अब तीसरा हफ्ता शुरू हो गया है. 15 मार्च 2026 को ईरान ने एक बार फिर इजरायल पर बैलिस्टिक मिसाइलें और ड्रोन दागे हैं. इसके साथ ही ईरान ने दावा किया है कि उसने कुवैत और इराक में मौजूद अमेरिकी सैन्य बेस को भी निशाना बनाया है. इस बीच इजरायल के Tel Aviv में कुछ लोगों ने युद्ध के खिलाफ विरोध प्रदर्शन भी किया है.
ℹ️: Israel Attack on Iran: इजरायल ने किया बड़ा ऐलान, पश्चिमी ईरान पर हमले की शुरुआत।
ईरान ने किन देशों में अमेरिकी बेस को बनाया निशाना?
- ईरान ने कुवैत और इराक में अमेरिकी ठिकानों पर हमले का दावा किया है.
- कुवैत के Ali Al-Salem Air Base पर हुए हमले में तीन अमेरिकी सैनिकों के हताहत होने की खबर है.
- इराक के बगदाद और Erbil में मौजूद अमेरिकी डिप्लोमैटिक और सैन्य सुविधाओं को भी टारगेट किया गया है.
- खाड़ी देशों में इस युद्ध का असर साफ दिख रहा है. सऊदी अरब ने रियाद के पास 10 ड्रोन को हवा में ही नष्ट किया है.
- UAE में भी मिसाइल हमले की नई रिपोर्ट सामने आई है.
गल्फ देशों में काम करने वाले भारतीयों और प्रवासियों के लिए भी हालात थोड़े मुश्किल हो गए हैं. मिसाइलों का मलबा गिरने से कुछ जगहों पर बिजली कटने और आग लगने की घटना हुई है. ऐसे में सभी को सुरक्षित जगहों पर रहने की सलाह दी जा रही है. इजरायल में भी 90 लाख से ज्यादा लोगों को शेल्टर में जाने को कहा गया है.
Tel Aviv में विरोध और अमेरिका की सख्त चेतावनी
Tel Aviv के Habima Square में इजरायल के कुछ नागरिकों ने अपनी सरकार के खिलाफ एक छोटा विरोध प्रदर्शन किया. इन लोगों ने ईरान पर इजरायल के हमले का विरोध किया है. वहां की पुलिस ने इन लोगों को हटाने की चेतावनी दी है. इसी बीच ईरान की सेना ने इजरायल के प्रधानमंत्री को जान से मारने की धमकी दी है.
दूसरी तरफ अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump ने ईरान को सख्त चेतावनी दी है. उन्होंने कहा है कि अगर हमले नहीं रुके तो ईरान के Kharg Island को तबाह कर दिया जाएगा. यह जगह ईरान के तेल एक्सपोर्ट का मुख्य केंद्र है. अमेरिका ने Strait of Hormuz को सुरक्षित करने के लिए इंटरनेशनल युद्धपोत तैनात करने की भी बात कही है.
फ्लाइट्स की बात करें तो स्विट्जरलैंड ने तटस्थता के नियम के कारण अपने ऊपर से टोही विमानों को उड़ने से मना कर दिया है. वहीं गल्फ में फंसे यात्रियों को निकालने के लिए Qatar Airways जैसी कुछ कंपनियों ने अपनी सीमित सेवा फिर से शुरू की है. हालांकि रेगुलर फ्लाइट अभी भी पूरी तरह से बंद हैं.




