ईरान ने इसराइल पर दागीं मिसाइलें, तेल अवीव में गूंजे सायरन, हमले में कई इमारतें हुईं क्षतिग्रस्त
3 अप्रैल 2026 को इसराइल के तेल अवीव और मध्य इलाकों में उस समय अफरातफरी मच गई जब ईरान की तरफ से मिसाइल हमले शुरू हुए। ईरान के रिवोल्यूशनरी गार्ड (IRGC) ने इस हमले की जिम्मेदारी ली है और बताया है कि उन्होंने तेल अवीव और हाइफा को निशाना बनाया है। इसराइल के होम फ्रंट कमांड ने लोगों को तुरंत सुरक्षित ठिकानों पर जाने की सलाह दी है और मिसाइलों को रोकने के लिए डिफेंस सिस्टम को सक्रिय कर दिया गया है।
ईरान के इस हमले में कहां-कहां हुआ नुकसान?
ईरान की ओर से किए गए इस मिसाइल हमले में तेल अवीव और उसके आसपास के इलाकों में काफी नुकसान की खबरें आई हैं। ईरान ने इसे ‘ऑपरेशन ट्रू प्रॉमिस 4’ का नाम दिया है और दावा किया है कि उन्होंने लगभग 50 ठिकानों को निशाना बनाया है। इस हमले का असर आम जनजीवन पर भी पड़ा है और सुरक्षा कारणों से कई पाबंदियां लगा दी गई हैं।
| स्थान का नाम | नुकसान का विवरण |
|---|---|
| रामट गन (Ramat Gan) | मिसाइल गिरने से घर को भारी नुकसान हुआ |
| पेतह टिकवा (Petah Tikva) | कई वाहनों को नुकसान पहुंचा |
| तेल अवीव | ट्रेन स्टेशन के पास छर्रे गिरने से नुकसान हुआ |
| सेंट्रल इसराइल | एक व्यक्ति के घायल होने की खबर है |
क्षेत्रीय तनाव और सुरक्षा के लिए उठाए गए बड़े कदम
इस हमले के बाद खाड़ी क्षेत्र में तनाव काफी बढ़ गया है और पड़ोसी देशों ने भी सुरक्षा के इंतजाम कड़े कर दिए हैं। ईरान ने दावा किया है कि उसने इसराइल के सैन्य और औद्योगिक ठिकानों को सफलतापूर्वक निशाना बनाया है। वहीं दूसरी तरफ इराक ने अपने हवाई क्षेत्र को एक हफ्ते के लिए बंद कर दिया है ताकि उड़ानों को किसी भी खतरे से बचाया जा सके। ब्रिटेन ने भी इस स्थिति को देखते हुए कुवैत में अपना एयर डिफेंस सिस्टम लगाने का फैसला किया है ताकि अपने हितों की रक्षा कर सके।
- ईरान ने तेल अवीव और हाइफा में मिसाइलें दागने की बात कबूल की है
- इसराइल ने मीडिया पर हमले की जानकारी साझा करने को लेकर सेंसरशिप लगा दी है
- लेबनान की ओर से भी उत्तरी इसराइल में रॉकेट दागे जाने की खबर है
- ईरान की इंटेलिजेंस ने इसराइल और अमेरिका से जुड़े 28 लोगों को गिरफ्तार करने का दावा किया है




