Kuwait MOI New Alert: कुवैत में घर के कैमरों को लेकर नया अलर्ट जारी, न मानने पर 2 साल की जेल और भारी जुर्माना
कुवैत के गृह मंत्रालय (MOI) ने नागरिकों और प्रवासियों के लिए घर में लगे सुरक्षा कैमरों को लेकर एक बहुत जरूरी अलर्ट जारी किया है। साइबर हैकिंग की बढ़ती घटनाओं को देखते हुए मंत्रालय ने सभी से अपने कैमरों के पुराने और डिफॉल्ट पासवर्ड तुरंत बदलने को कहा है। साइबर क्राइम विभाग के प्रवक्ता लेफ्टिनेंट कर्नल सऊद अल-वज़ान ने बताया कि लोगों की प्राइवेसी बचाने के लिए इन नियमों का पालन करना अनिवार्य है। कुवैत में काम करने वाले भारतीयों और अन्य प्रवासियों को सलाह दी जाती है कि वे अपने घर के नेटवर्क को सुरक्षित रखें ताकि कोई हैकर उनके कैमरों का गलत इस्तेमाल न कर सके।
कैमरे की सुरक्षा के लिए क्या हैं नए नियम?
- पासवर्ड बदलें: कैमरे के साथ आने वाले पुराने पासवर्ड को हटाकर उसमें नंबर और अक्षरों वाला एक मजबूत पासवर्ड लगाएं।
- रिमोट एक्सेस बंद करें: जब तक बहुत जरूरी न हो, कैमरे का रिमोट एक्सेस फीचर बंद रखें। जरूरत पड़ने पर केवल सुरक्षित VPN का इस्तेमाल करें।
- प्राइवेट जगहों पर कैमरा न लगाएं: बेडरूम, बाथरूम या निजी ऑफिस जैसी जगहों पर कैमरा लगाने से सख्त मना किया गया है।
- सुरक्षित इंटरनेट: कैमरों को केवल घर के सुरक्षित वाई-फाई से जोड़ें। पब्लिक वाई-फाई का इस्तेमाल कभी न करें।
नियम तोड़ने और हैकिंग पर कितनी है सजा?
कुवैत में सुरक्षा कैमरों के गलत इस्तेमाल और प्राइवेसी भंग करने पर सख्त कानून लागू हैं। अगर कोई व्यक्ति इन कैमरों का गलत इस्तेमाल करता है या हैक किया हुआ वीडियो शेयर करता है, तो उसे 2 साल तक की जेल हो सकती है। इसके साथ ही 10,000 कुवैती दीनार का भारी जुर्माना भी लगाया जा सकता है।
वहीं साइबर क्राइम कानून के तहत किसी नेटवर्क में बिना इजाजत घुसने पर कम से कम 6 महीने की जेल और 2,000 दीनार का जुर्माना तय किया गया है। इसलिए सभी प्रवासियों को अपने घर के कैमरों का सॉफ्टवेयर हमेशा अपडेट रखना चाहिए और संदिग्ध गतिविधि दिखने पर तुरंत पुलिस को सूचना देनी चाहिए।




