West Asia Crisis: राजनाथ सिंह आज शाम 5 बजे करेंगे बड़ी बैठक, खाड़ी में रह रहे 1 करोड़ भारतीयों की सुरक्षा पर रहेगी नज़र
पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव और युद्ध जैसे हालात को देखते हुए भारत सरकार ने आज एक महत्वपूर्ण सर्वदलीय बैठक बुलाई है। रक्षा मंत्री Rajnath Singh आज शाम 5 बजे संसद परिसर में इस बैठक की अध्यक्षता करेंगे। इसमें विदेश मंत्री S. Jaishankar और विदेश सचिव Vikram Misri सभी दलों के नेताओं को ताजा स्थिति और भारत के कूटनीतिक कदमों की जानकारी देंगे। प्रधानमंत्री ने इस स्थिति को बेहद गंभीर बताया है जिसका सीधा असर भारत की अर्थव्यवस्था और सुरक्षा पर पड़ सकता है।
बैठक में किन महत्वपूर्ण विषयों पर होगी चर्चा?
सरकार इस बैठक के जरिए मिडिल ईस्ट के संकट पर सभी राजनीतिक दलों के साथ आम सहमति बनाना चाहती है। प्रधानमंत्री Narendra Modi ने पहले ही सांसदों को संबोधित करते हुए कहा है कि यह एक अभूतपूर्व संकट है जिसके परिणाम लंबे समय तक देखने को मिल सकते हैं। सरकार ने इस स्थिति से निपटने के लिए सात विशेष समूह बनाए हैं।
| विषय | महत्वपूर्ण जानकारी |
|---|---|
| बैठक का समय | 25 मार्च 2026, शाम 5:00 बजे |
| अध्यक्षता | रक्षा मंत्री Rajnath Singh |
| मुख्य एजेंडा | West Asia संकट और भारत की रणनीति |
| सप्लाई चेन | ईंधन और उर्वरक की उपलब्धता सुनिश्चित करना |
| नौसेना की भूमिका | जहाजों और टैंकरों को सुरक्षा देना |
खाड़ी में रह रहे भारतीयों की सुरक्षा के लिए क्या हैं इंतजाम?
युद्ध की वजह से खाड़ी देशों में रहने वाले लगभग एक करोड़ भारतीयों की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ गई है। सरकार इन प्रवासियों और समुद्र में काम करने वाले भारतीय नाविकों की सुरक्षा के लिए लगातार काम कर रही है। Strait of Hormuz में बढ़ते तनाव को देखते हुए भारतीय नौसेना (Indian Navy) ने अपने युद्धपोत तैनात कर दिए हैं जो तेल और LPG टैंकरों को सुरक्षित रास्ता दिला रहे हैं।
- भारतीय नौसेना अब मर्चेंट वेसल्स को एस्कॉर्ट कर रही है।
- खाड़ी देशों में काम करने वाले भारतीयों की आजीविका पर नजर रखी जा रही है।
- सरकार ने कालाबाजारी रोकने के लिए राज्यों को सतर्क रहने को कहा है।
- ईरान, इजरायल और अमेरिका के बीच तनाव से व्यापारिक रास्ते प्रभावित हुए हैं।
- विपक्षी दलों ने भी इस मुद्दे पर चर्चा के लिए अपनी सहमति दी है।




