Saudi Arabia Update: सऊदी ने दूसरे देशों में फंसे इराकी नागरिकों को सुरक्षित भेजा घर, Arar Airport पर की खास व्यवस्था
सऊदी अरब ने विभिन्न देशों में फंसे इराकी नागरिकों को सुरक्षित उनके देश वापस भेजने के लिए एक विशेष अभियान चलाया है। आधिकारिक रिपोर्ट के अनुसार, सऊदी अधिकारियों और Iraqi Airways ने मिलकर एक विशेष एयर ब्रिज की शुरुआत की है। इस अभियान के तहत भारत और मिस्र जैसे देशों से अब तक 250 से अधिक इराकी नागरिकों को सऊदी के Arar Airport पर उतारा गया है और वहां से सड़क के रास्ते उनके देश भेजा गया है।
इन सभी नागरिकों को सऊदी अरब के रास्ते इराक भेजने के लिए प्रशासन ने पूरी व्यवस्था की है। इसके लिए ट्रांजिट वीजा की प्रक्रिया को भी बहुत आसान कर दिया गया है ताकि किसी भी यात्री को बॉर्डर पार करने में परेशानी का सामना न करना पड़े।
नागरिकों की वापसी का क्या है पूरा रूट
फंसे हुए नागरिकों को सुरक्षित इराक पहुंचाने के लिए सऊदी सरकार ने एक व्यवस्थित रूट तैयार किया है। इस प्रक्रिया में हवाई और सड़क दोनों रास्तों का इस्तेमाल किया जा रहा है।
- सबसे पहले नागरिकों को Iraqi Airways की उड़ानों से सऊदी के Arar Airport पर लाया जाता है।
- एयरपोर्ट पर उतरने के बाद, यात्रियों को सुरक्षित बसों में बैठाया जाता है।
- यह बसें यात्रियों को Jadidat Arar (Al-Jadidah) बॉर्डर क्रॉसिंग तक लेकर जाती हैं।
- बॉर्डर पर जरूरी कागजी कार्रवाई पूरी होने के बाद यात्री इराक में प्रवेश करते हैं।
किन देशों से लाए जा रहे हैं फंसे हुए नागरिक
यह निकासी अभियान उन इराकी नागरिकों के लिए चलाया जा रहा है जो हवाई क्षेत्र बंद होने के कारण दूसरे देशों में फंस गए थे। 17 मार्च 2026 तक भारत (New Delhi) और मिस्र (Cairo) से फ्लाइट्स के जरिए बड़ी संख्या में लोगों को लाया गया है। इसके अलावा ओमान, कतर, बहरीन और यूएई से भी 18 मार्च तक विशेष उड़ानें जारी रहेंगी।
सऊदी और इराक के अधिकारी लगातार एक दूसरे के संपर्क में हैं। सऊदी अरब के उत्तरी सीमांत क्षेत्र के प्रशासन और इराक के विदेश मंत्रालय ने इस अभियान में पूरा सहयोग दिया है। रियाद, काहिरा और नई दिल्ली में मौजूद इराकी दूतावास फंसे हुए नागरिकों का रजिस्ट्रेशन कर रहे हैं।
लेबनान में फंसे लोगों के लिए भी बन रहा है प्लान
इस सफल अभियान के बाद अब लेबनान में फंसे इराकी नागरिकों को भी निकालने की तैयारी की जा रही है। अधिकारियों ने बताया कि ऐसे नागरिकों को जॉर्डन और सऊदी अरब के रास्ते वापस लाने की योजना पर काम चल रहा है। सऊदी अरब ने यह साफ किया है कि वह Arar Airport और बॉर्डर पर हर तरह की मानवीय और लॉजिस्टिक सहायता प्रदान करता रहेगा ताकि यात्री बिना किसी तकलीफ के अपने घर पहुंच सकें।




