Saudi Arabia Police Action: सऊदी पुलिस का बड़ा एक्शन, भीख मांगते पकड़े गए तो होगी जेल और 1 लाख का जुर्माना
सऊदी अरब में पुलिस ने भीख मांगने वालों के खिलाफ अपना अभियान काफी तेज कर दिया है. मदीना, रियाद, ताइफ, तबुक और अल-बाहा जैसे प्रमुख शहरों में कई प्रवासियों (Expats) को गिरफ्तार किया गया है. पुलिस के मुताबिक मदीना में एक पाकिस्तानी नागरिक और रियाद में यमनी नागरिकों को महिलाओं और बच्चों का फायदा उठाकर भीख मांगने के आरोप में पकड़ा गया है. रमजान के महीने में भीख मांगने के मामले अक्सर बढ़ जाते हैं जिसके कारण सुरक्षा एजेंसियां ज्यादा सतर्क हैं और लगातार चेकिंग कर रही हैं.
भीख मांगने पर क्या है सजा और जुर्माने का नियम
सऊदी सरकार ने 2021 में एंटी-बेगिंग कानून लागू किया था. इस नियम के तहत भीख मांगना या किसी से मंगवाना एक गंभीर अपराध है. अगर कोई विदेशी नागरिक इसमें पकड़ा जाता है, तो उसे भारी सजा का सामना करना पड़ता है.
- अकेले भीख मांगना: ऐसा करते पकड़े जाने पर 6 महीने तक की जेल और 50 हजार रियाल तक का जुर्माना हो सकता है.
- ग्रुप बनाकर भीख मांगना: जो लोग गैंग चलाकर भीख मंगवाते हैं, उन्हें 1 साल तक की जेल और 1 लाख रियाल तक का जुर्माना भरना पड़ेगा.
- डिपोर्टेशन (Deportation): विदेशी नागरिकों को सजा काटने के बाद डिपोर्ट कर दिया जाएगा. ऐसे लोग भविष्य में हज या उमराह को छोड़कर सऊदी अरब में दोबारा एंट्री नहीं कर पाएंगे.
- पैसे जब्त: भीख मांगकर कमाए गए सारे पैसे और प्रॉपर्टी सरकार द्वारा जब्त कर लिए जाएंगे.
शिकायत कैसे करें और सही जगह दान कैसे दें
सऊदी पब्लिक सिक्योरिटी ने आम जनता से अपील की है कि वे सड़कों पर भीख मांगने वालों को पैसे न दें. सरकार ने स्पष्ट किया है कि जो लोग सच में जरूरतमंद हैं उनकी मदद के लिए आधिकारिक प्लेटफॉर्म बनाए गए हैं. लोग Ehsan या जकात अथॉरिटी (Zakat, Tax and Customs Authority) के जरिए ही अपना दान दें ताकि पैसा सही हाथों में पहुंचे. अगर आपको सड़क या किसी इलाके में कोई भीख मांगता हुआ दिखे, तो आप पुलिस को इसकी सूचना दे सकते हैं. मक्का, रियाद और पूर्वी क्षेत्र में रहने वाले लोग 911 नंबर पर कॉल कर सकते हैं. अन्य क्षेत्रों के लोग 999 नंबर पर कॉल करके पुलिस को इसकी जानकारी दे सकते हैं.




