हॉर्मुज जलडमरूमध्य पर संकट गहराया, चीन और रूस ने की युद्ध रोकने की मांग, ट्रंप ने ईरान को दिया कल तक का अल्टीमेटम.
हॉर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) में जहाजों की आवाजाही को लेकर तनाव काफी बढ़ गया है। चीनी विदेश मंत्री वांग यी ने रूसी विदेश मंत्री सर्गेई लावरोव से फोन पर बातचीत की और कहा कि इस रास्ते को सुरक्षित बनाने का एकमात्र तरीका ईरान के खिलाफ चल रहे युद्ध को रोकना है। खाड़ी क्षेत्र में रहने वाले प्रवासियों और भारतीयों के लिए यह स्थिति चिंताजनक है क्योंकि 28 फरवरी से जारी इस संकट की वजह से समुद्री रास्ते बंद हैं। वहीं अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप ने ईरान को सोमवार 6 अप्रैल तक का अल्टीमेटम दिया है जिससे पूरे मध्य पूर्व में हलचल मची हुई है।
चीन और रूस की इस मामले पर क्या है राय?
चीनी विदेश मंत्री वांग यी के मुताबिक हॉर्मुज में नेविगेशन की समस्याओं को हल करने का असली रास्ता ईरान में चल रहे युद्ध में तत्काल युद्धविराम करना है। उन्होंने रूस के साथ मिलकर संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद (UNSC) में इस तनाव को कम करने के लिए काम करने का भरोसा दिया है। रूसी विदेश मंत्री लावरोव ने भी चीन की बात का समर्थन किया और कहा कि अमेरिका को केवल ईरान पर दबाव बनाने के बजाय पहले हमलों को रोकने पर ध्यान देना चाहिए। दोनों देश संयुक्त राष्ट्र में ऐसे किसी भी प्रस्ताव का विरोध कर रहे हैं जिसमें बल प्रयोग की बात कही गई है।
ट्रंप की चेतावनी और मौजूदा स्थिति के मुख्य बिंदु
इस पूरे मामले में अमेरिका और अन्य देशों की भूमिका बहुत महत्वपूर्ण हो गई है। खाड़ी देशों के बीच कूटनीतिक बातचीत का दौर भी जारी है ताकि किसी बड़े हमले को रोका जा सके।
| तारीख | बड़ा अपडेट या घटनाक्रम |
|---|---|
| 5 अप्रैल 2026 | चीन और रूस के विदेश मंत्रियों के बीच फोन पर बातचीत हुई |
| 5 अप्रैल 2026 | ओमान और ईरान के अधिकारियों ने रास्ता खोलने पर चर्चा की |
| 6 अप्रैल 2026 | ट्रंप द्वारा ईरान को दिया गया आखिरी समय (डेडलाइन) |
| अगला हफ्ता | संयुक्त राष्ट्र में बहरीन के प्रस्ताव पर वोटिंग होगी |
- अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप ने कहा है कि अगर सोमवार तक रास्ता नहीं खुला तो वह ईरान के बुनियादी ढांचे पर हमला कर सकते हैं।
- फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों ने सैन्य बल के इस्तेमाल को गलत बताया है।
- ओमान और ईरान के बीच जहाजों के सुरक्षित निकलने के लिए बातचीत चल रही है।
- बहरीन ने हॉर्मुज में जहाजों की सुरक्षा को लेकर एक प्रस्ताव तैयार किया है जिस पर वोटिंग होनी है।
- चीन और रूस बातचीत के जरिए समाधान निकालने के पक्ष में हैं।




