ट्रंप का बड़ा दावा, कहा ईरान परमाणु हथियार नहीं बनाने पर हुआ सहमत, तेहरान ने किया इनकार
अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एक बड़ा दावा करते हुए कहा है कि ईरान परमाणु हथियार न बनाने के लिए सहमत हो गया है। ट्रंप के अनुसार पिछले दो दिनों से सकारात्मक बातचीत चल रही है और ईरान अब शांति चाहता है। ट्रंप ने संकेत दिया कि एक ऐसा समझौता होने की अच्छी संभावना है जिससे इजरायल और मध्य पूर्व के देशों के हितों की रक्षा होगी। हालांकि ईरान की सरकार ने ट्रंप के इन बयानों को पूरी तरह गलत बताते हुए खारिज कर दिया है।
ट्रंप के दावों और अमेरिकी योजना में क्या शामिल है?
ट्रंप ने दावा किया कि ईरान 15 बिंदुओं पर सहमत हुआ है और परमाणु हथियार न रखना इसमें सबसे मुख्य है। ट्रंप ने अमेरिकी रक्षा विभाग को निर्देश दिया है कि ईरान के ऊर्जा नेटवर्क पर होने वाले हमलों को फिलहाल रोक दिया जाए ताकि समझौते की संभावनाओं को परखा जा सके। इस प्रस्तावित योजना के तहत अमेरिका ईरान के पास मौजूद समृद्ध यूरेनियम को वापस ले लेगा और भविष्य में होर्मुज जलडमरूमध्य पर संयुक्त नियंत्रण रखा जा सकता है। ट्रंप का मानना है कि सैन्य दबाव के कारण ईरान बातचीत के लिए तैयार हुआ है।
ईरान की आधिकारिक प्रतिक्रिया और अन्य पक्षों का रुख क्या है?
- ईरानी संसद के अध्यक्ष मोहम्मद बागेर गालिबार्फ ने इन दावों को बाज़ार को प्रभावित करने वाली फर्जी खबर बताया है।
- ईरानी विदेश मंत्रालय के अनुसार ट्रंप ऊर्जा की कीमतें घटाने और अपनी सैन्य योजनाओं के लिए समय खरीदने की कोशिश कर रहे हैं।
- ईरान ने साफ किया है कि वाशिंगटन के साथ उनकी कोई सीधी बातचीत नहीं चल रही है।
- इजरायली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू को ट्रंप ने बताया था कि वह सैन्य उपलब्धियों का इस्तेमाल रणनीतिक लक्ष्यों के लिए करना चाहते हैं।
- ईरानी अधिकारियों ने स्वीकार किया है कि मध्यस्थों के जरिए अमेरिका के कुछ प्रस्ताव मिले हैं जिनका अध्ययन किया जा रहा है।




