अमेरिका में वीजा नियमों के उल्लंघन को लेकर प्रशासन अब बेहद सख्त हो गया है। हाल ही में दिल्ली के एक निवासी को बी1 वीजा (बिजनेस/टूरिस्ट) के नियमों को तोड़ने के कारण अमेरिका से निर्वासित (डिपोर्ट) कर दिया गया। इस घटना के बाद अमेरिकी दूतावास ने भारतीय यात्रियों के लिए एक कड़ी चेतावनी जारी की है, जिसमें स्पष्ट किया गया है कि वीजा नियमों की अनदेखी भविष्य के लिए भारी पड़ सकती है।
दिल्ली के निवासी को नियमों की अनदेखी पड़ी भारी, अमेरिकी अधिकारियों ने तुरंत वापस भारत भेजा
दिल्ली का रहने वाला यह व्यक्ति बी1 वीजा पर अमेरिका गया था, लेकिन वहां जाकर उसने वीजा की शर्तों का उल्लंघन किया। अमेरिकी अधिकारियों (US Authorities) की जांच में पाया गया कि वह वीजा के निर्धारित उद्देश्य से अलग गतिविधियों में शामिल था। अमेरिकी इमिग्रेशन कानून के तहत, बी1 वीजा पर जाकर काम करना (Work) या तय सीमा से अधिक समय तक रुकना (Overstaying) गैरकानूनी है। अधिकारियों ने उसे पकड़ लिया और इमिग्रेशन कानून के उल्लंघन के आरोप में तुरंत भारत वापस भेज दिया।
अमेरिकी दूतावास की दो टूक चेतावनी- वीजा कोई अधिकार नहीं बल्कि एक विशेष सुविधा है, नियम तोड़े तो भुगतने होंगे परिणाम
इस मामले पर अमेरिकी दूतावास ने सख्त रुख अपनाते हुए कहा है कि अमेरिकी कानून तोड़ने पर वीजा तुरंत रद्द हो सकता है और व्यक्ति को डिपोर्ट किया जा सकता है। सबसे गंभीर बात यह है कि ऐसा करने वाला व्यक्ति भविष्य में अमेरिकी वीजा प्राप्त करने के लिए अयोग्य भी घोषित हो सकता है। दूतावास ने स्पष्ट शब्दों में कहा, “वीजा एक विशेषाधिकार (Privilege) है, यह आपका अधिकार नहीं है।” यह चेतावनी विशेष रूप से छात्रों, एच-1बी (H1B) और एच-4 वीजा धारकों के लिए भी महत्वपूर्ण है, क्योंकि किसी भी तरह की गिरफ्तारी या कानून तोड़ने पर उन पर तुरंत एक्शन लिया जाएगा।
बी1/बी2 वीजा पर क्या कर सकते हैं और क्या नहीं? जान लीजिए नियम वरना लग सकता है 10 साल तक का बैन
बी1/बी2 वीजा मुख्य रूप से बिजनेस मीटिंग, कॉन्फ्रेंस में हिस्सा लेने या पर्यटन के लिए जारी किया जाता है, जिसकी अवधि अधिकतम 6 महीने होती है। इस वीजा पर अमेरिका में नौकरी करना, पढ़ाई करना या लंबे समय तक बसना पूरी तरह वर्जित है। यदि कोई इन नियमों को तोड़ता है, तो उसका वीजा कैंसिल होने के साथ-साथ उसे डिपोर्ट कर दिया जाता है। उल्लंघन की गंभीरता को देखते हुए उस व्यक्ति पर 3 से 10 साल तक अमेरिका में प्रवेश करने पर प्रतिबंध (Entry Ban) भी लगाया जा सकता है।
ट्रम्प प्रशासन की नीतियों का असर दिखना शुरू, सोशल मीडिया की जांच और डिपोर्टेशन की प्रक्रिया में आई तेजी
अमेरिका में ट्रम्प प्रशासन द्वारा अवैध आप्रवासन (Illegal Immigration) पर सख्ती बढ़ाने का असर अब साफ दिखाई देने लगा है। आगामी समय (2025-26) में एच-1बी वीजा की स्क्रूटनी, सोशल मीडिया हैंडल्स की जांच और डिपोर्टेशन की कार्रवाई में और तेजी आने की संभावना है। चूंकि भारतीय नागरिक बड़ी संख्या में अमेरिका जाते हैं, इसलिए इन सख्त नीतियों का सबसे ज्यादा प्रभाव भारतीयों पर ही पड़ रहा है। ऐसे में यात्रियों को सलाह दी गई है कि वे अपने वीजा के दायरे में रहकर ही गतिविधियां करें।





