US-India AI Deal: भारत और अमेरिका मिलकर बनाएंगे AI का नया ढांचा, Pax Silica के जरिए होगी बड़ी साझेदारी
अमेरिका के आर्थिक मामलों के अंडर सेक्रेटरी Jacob Helberg ने भारतीय विदेश सचिव Vikram Misri से मुलाकात की. इस बैठक में दोनों देशों ने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI), व्यापार और ऊर्जा क्षेत्र में सहयोग को आगे बढ़ाने पर चर्चा की. Jacob Helberg ने भारत को ‘Pax Silica’ का एक महत्वपूर्ण सदस्य बताया और भविष्य में साथ काम करने की इच्छा जताई.
Pax Silica क्या है और भारत को इससे क्या फायदा होगा?
Pax Silica भरोसेमंद देशों का एक रणनीतिक समूह है जो ‘सिलिकॉन स्टैक’ को सुरक्षित करने पर काम करता है. इसका मुख्य उद्देश्य जरूरी मिनरल्स, सेमीकंडक्टर चिप्स और एडवांस AI सिस्टम की सप्लाई चेन को मजबूत करना है. इस पहल से ग्लोबल सप्लाई चेन में किसी एक देश के दबदबे को कम किया जाएगा और लोकतांत्रिक देशों के बीच तकनीक का साझा विकास होगा. भारत 20 फरवरी 2026 को इस समूह में शामिल हुआ था.
बैठक में किन मुख्य क्षेत्रों पर चर्चा हुई?
विदेश सचिव Vikram Misri की तीन दिवसीय अमेरिका यात्रा के दौरान यह बैठक हुई. दोनों अधिकारियों ने AI इंफ्रास्ट्रक्चर को सुरक्षित बनाने और इनोवेशन को बढ़ावा देने वाली नीतियों पर सहमति जताई. MEA प्रवक्ता Randhir Jaiswal के अनुसार, चर्चा में कई अहम तकनीकी क्षेत्र शामिल थे जिनका विवरण नीचे दी गई टेबल में है.
| सहयोग के मुख्य क्षेत्र | उद्देश्य |
|---|---|
| AI और क्वांटम तकनीक | इनोवेशन और नए फ्रेमवर्क बनाना |
| सेमीकंडक्टर | सप्लाई चेन को मजबूत करना |
| क्रिटिकल मिनरल्स | कच्चे माल की उपलब्धता सुनिश्चित करना |
| न्यूक्लियर एनर्जी | ऊर्जा सहयोग को आगे बढ़ाना |
| AI इंफ्रास्ट्रक्चर | सुरक्षित और भरोसेमंद सिस्टम बनाना |
| ट्रेड और कॉमर्स | द्विपक्षीय व्यापार में बढ़ोतरी करना |




