Yemen New Shipping Rules: यमन में सामान मंगाना हुआ महंगा, शिपिंग फीस में $3000 तक की बढ़ोतरी
यमन के बंदरगाहों पर सामान मंगाना अब काफी महंगा हो गया है। ईरान और अन्य देशों के बीच बढ़ते तनाव के कारण शिपिंग कंपनियों ने अपनी फीस में बड़ा इजाफा किया है। 14 मार्च 2026 की आधिकारिक रिपोर्ट के अनुसार, यमन आने वाले कंटेनरों पर भारी वॉर रिस्क सरचार्ज लगाया गया है। इस फैसले से यमन में आयात होने वाली जरूरी चीजों की कीमतों पर असर पड़ेगा।
शिपिंग फीस में कितनी हुई है बढ़ोतरी
कंपनियों ने सुरक्षा खतरों और रास्ते बदलने के कारण कई तरह के नए चार्ज लागू किए हैं। बीमा दरों में भी भारी उछाल आया है जो जहाज की कुल कीमत का 1.5 प्रतिशत तक पहुंच गया है। फीस की जानकारी नीचे दी गई है:
| सरचार्ज का प्रकार | नई दरें |
|---|---|
| War Risk Surcharge | $1,500 से $3,000 प्रति कंटेनर |
| Reefer Cargo (विशेष सामान) | $3,500 से $4,000 प्रति कंटेनर |
| MSC Surcharge | $800 प्रति कंटेनर (अनिवार्य) |
| Emergency Conflict Surcharge | कुछ रूट्स पर 100 प्रतिशत तक की वृद्धि |
यमन सरकार का जवाब और आम जनता पर असर
यमन के परिवहन मंत्री Mohsen Haidara al-Amri ने इन शुल्कों का कड़ा विरोध किया है। उन्होंने इसे गैर-जरूरी बताते हुए कहा कि यमन के बंदरगाह युद्ध क्षेत्र से दूर हैं। सरकार ने शिपिंग एजेंटों को आदेश दिया है कि वे इन अवैध शुल्कों को स्वीकार न करें। इस बढ़ोतरी का असर आम नागरिकों पर इस तरह होगा:
- महंगाई में इजाफा: रमजान और त्योहारों के दौरान खजूर और अनाज जैसे जरूरी सामानों के दाम बढ़ सकते हैं।
- सामान मिलने में देरी: जहाजों को Cape of Good Hope से घूमकर आना पड़ रहा है जिससे 10 से 14 दिन का समय ज्यादा लगेगा।
- बीमा लागत: जहाजों के इंश्योरेंस की कीमतों में 1000 प्रतिशत तक की बढ़ोतरी देखी गई है।
- लाजिस्टिक खर्च: Maersk जैसी बड़ी कंपनियों ने साफ किया है कि बढ़े हुए खर्च का बोझ ग्राहकों को ही उठाना होगा।




