Qatar Police Action: कतर में सेना का वीडियो बनाने पर 313 लोग गिरफ्तार, अफवाह फैलाने वालों पर पुलिस सख्त
Gulf देशों में बढ़ते तनाव के बीच कतर सरकार ने कड़ा कदम उठाया है। कतर के गृह मंत्रालय ने सेना और सुरक्षा से जुड़े दृश्यों की वीडियो बनाने और ऑनलाइन अफवाह फैलाने के आरोप में 313 लोगों को गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई उन लोगों पर हुई है जो सोशल मीडिया पर गलत जानकारी और भ्रामक पोस्ट शेयर कर रहे थे। पुलिस ने सभी नागरिकों और प्रवासियों को सख्त हिदायत दी है कि वे सुरक्षा नियमों का सख्ती से पालन करें।
वीडियो बनाने और ड्रोन उड़ाने पर पाबंदी
कतर पुलिस के साइबर क्राइम विभाग ने 9 मार्च को यह बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने अलग-अलग देशों के नागरिकों को अरेस्ट किया है। इन पर मुख्य रूप से बिना इजाजत सेना की हलचल के वीडियो बनाने और उन्हें शेयर करने का आरोप है। इसके अलावा पुलिस ने ड्रोन उड़ाने के आरोप में 5 अन्य लोगों को भी पकड़ा है।
- बिना इजाजत सुरक्षा या सेना से जुड़े वीडियो बनाने पर सख्त रोक है।
- ड्रोन उड़ाने पर वर्तमान सुरक्षा हालात को देखते हुए पूरी तरह से पाबंदी लगा दी गई है।
- सरकार ने आदेश दिया है कि लोग सिर्फ आधिकारिक सरकारी चैनल से मिलने वाली जानकारी पर ही भरोसा करें।
- गृह मंत्रालय ने चेतावनी दी है कि सोशल मीडिया कानूनों का उल्लंघन करने वालों पर सख्त कानूनी कार्रवाई होगी।
खाड़ी देशों में अलर्ट और भारतीयों के लिए जरूरी नियम
ईरान की तरफ से खाड़ी देशों में हो रहे मिसाइल और ड्रोन हमलों के बाद पूरे इलाके में सुरक्षा बढ़ा दी गई है। कतर के साथ-साथ कुवैत पुलिस ने 3 और बहरीन पुलिस ने 4 लोगों को अफवाह फैलाने के आरोप में पकड़ा है। UAE और सऊदी अरब में भी लोगों के फोन पर मैसेज भेजकर अफवाह न फैलाने की चेतावनी दी गई है। कतर ने 7 मार्च को कुछ मिसाइलों को आसमान में ही नष्ट किया था, जिसके बाद से अलर्ट जारी है।
खाड़ी देशों में रहने वाले भारतीयों और कामगारों को यह ध्यान रखना चाहिए कि वे किसी भी तरह का संवेदनशील वीडियो सोशल मीडिया पर शेयर न करें। घटना वाली जगहों या किसी भी हमले की तस्वीर खींचना आपको कानूनी मुसीबत में डाल सकता है। कतर के अधिकारियों ने साफ कहा है कि देश की सुरक्षा और शांति बनाए रखने के लिए नियम तोड़ने वालों के खिलाफ तुरंत एक्शन लिया जाएगा।





