Hezbollah ने इसराइल के Kiryat Shmona पर दागे मिसाइल और ड्रोन, उत्तरी हिस्से में मची अफरातफरी, युद्ध की स्थिति जारी
लेबनान के सशस्त्र समूह Hezbollah ने उत्तरी इसराइल के Kiryat Shmona इलाके में मिसाइलों और ड्रोनों से बड़ा हमला किया है। यह हमला 11 अप्रैल 2026 को हुआ, जिससे पूरे इलाके में अफरातफरी मच गई और कई जगह सायरन बजने लगे। इसराइल और लेबनान के बीच तनाव इस कदर बढ़ गया है कि अब दोनों तरफ से भारी नुकसान की खबरें आ रही हैं।
Hezbollah ने यह हमला क्यों किया और क्या नुकसान हुआ?
Hezbollah ने आधिकारिक बयान में कहा कि यह हमला लेबनान में इसराइल द्वारा किए गए हमलों का बदला था। उन्होंने Kiryat Shmona और Metula जैसे इलाकों को निशाना बनाया ताकि वहां सैन्य मूवमेंट को रोका जा सके। 10 अप्रैल को भी Kiryat Shmona में रॉकेट गिरने से आग लग गई और इमारतों को नुकसान पहुंचा। इसके अलावा लेबनान के Shamaa शहर में इसराइली सैनिकों पर एक आत्मघाती ड्रोन हमला भी किया गया।
इसराइल की क्या प्रतिक्रिया रही और IDF ने क्या कहा?
इसराइल की सेना (IDF) ने दावा किया कि उन्होंने लेबनान में Hezbollah के 4,300 से ज़्यादा ठिकानों को तबाह कर दिया है और मार्च से अब तक 1,400 लड़ाकों को मार गिराया है। IDF चीफ लेफ्टिनेंट जनरल Eyal Zamir ने साफ किया कि उत्तरी मोर्चे पर इसराइल अब भी युद्ध की स्थिति में है और वहां कोई युद्धविराम लागू नहीं है। इसराइल ने Karmiel, Nahariya और Acre की तरफ आने वाले कई रॉकेटों को हवा में ही इंटरसेप्ट कर लिया।
हमले और संघर्ष का पूरा विवरण
| विवरण | जानकारी |
|---|---|
| हमले की तारीख | 10 और 11 अप्रैल 2026 |
| मुख्य टारगेट | Kiryat Shmona, Metula, Misgav Am |
| लेबनान में हताहत | 10 अप्रैल को करीब 357 लोग मारे गए |
| इसराइल में हताहत | 2 मार्च से अब तक 12 सैनिक शहीद |
| उपयोग किए गए हथियार | मिसाइल, ड्रोन और लोइटरिंग म्यूनिशन |
इस पूरे विवाद के बीच अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चिंता बढ़ गई है। संयुक्त राष्ट्र के विश्व खाद्य कार्यक्रम ने चेतावनी दी है कि इस युद्ध की वजह से लेबनान में खाने-पीने की चीजों के दाम बढ़ रहे हैं और सप्लाई चेन टूट गई है। विश्व बैंक ने भी आगाह किया है कि अगर यह टकराव और बढ़ा तो इसका असर पूरी दुनिया की अर्थव्यवस्था पर पड़ेगा।




