ईरान पर अमेरिका और इसराइल का बड़ा हमला, B1 ब्रिज पर बमबारी में 13 की मौत, ट्रंप ने दी 48 घंटे की चेतावनी
ईरान के अल्बोरज़ प्रांत में गुरुवार को हुए अमेरिकी और इसराइली हवाई हमलों के बाद हालात काफी खराब हो गए हैं। B1 ब्रिज पर हुई इस बमबारी में मरने वालों की संख्या बढ़कर 13 हो गई है और 90 से ज्यादा लोग गंभीर रूप से घायल हैं। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने इस हमले के बाद ईरान को 48 घंटे का सख्त अल्टीमेटम जारी किया है, जिससे पूरे खाड़ी क्षेत्र में तनाव बढ़ गया है।
ईरान में हमले से कितनी तबाही हुई और क्या है मौजूदा स्थिति
ईरानी अधिकारियों के मुताबिक, B1 ब्रिज को दो बार निशाना बनाया गया। पहला हमला होने के करीब एक घंटे बाद जब राहत और बचाव दल मौके पर पहुंचे, तब दूसरा हमला किया गया। मरने वालों में ज्यादातर आम नागरिक हैं, जिनमें नगर निगम के कर्मचारी और अपने परिवारों के साथ बाहर निकले लोग शामिल हैं। इसके अलावा बुशहर परमाणु केंद्र के पास भी हमला हुआ है, जिससे वहां की एक इमारत को नुकसान पहुंचा और एक सुरक्षा गार्ड की मौत हो गई।
| प्रमुख घटना | विवरण |
|---|---|
| B1 ब्रिज हमला | 13 मौतें, 90 से ज्यादा घायल |
| परमाणु केंद्र | बुशहर प्लांट के पास हमला, 1 गार्ड की मौत |
| अमेरिकी विमान | ईरान ने अमेरिकी F-15E विमान मार गिराया |
| ट्रंप का अल्टीमेटम | 48 घंटे में समझौता करने की चेतावनी |
| क्षेत्रीय असर | दुबई और बहरीन में ड्रोन का मलबा गिरा |
ट्रंप की चेतावनी और खाड़ी देशों पर इसका असर
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने सोशल मीडिया पर कहा है कि अगर ईरान ने 48 घंटे के भीतर समझौता नहीं किया या होर्मुज का रास्ता नहीं खोला, तो बिजली घरों और अन्य पुलों पर और भी बड़े हमले होंगे। इस बीच ईरान ने भी धमकी दी है और कुवैत, सऊदी अरब, यूएई जैसे देशों के महत्वपूर्ण पुलों की एक लिस्ट जारी की है। यूएई के दुबई में एक ड्रोन के टुकड़े गिरने से ओरेकल कंपनी के दफ्तर को नुकसान पहुंचा है, वहीं बहरीन में भी ड्रोन इंटरसेप्ट होने के बाद मलबा गिरने से कुछ लोग घायल हुए हैं।
युद्ध के बीच ईरान और इसराइल के दावे
ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेज़ेशकियन ने कहा है कि उनका देश अपनी रक्षा के लिए पूरी तरह तैयार है और इस तरह के हमलों से वे झुकने वाले नहीं हैं। दूसरी तरफ, इसराइली सेना (IDF) ने पुष्टि की है कि उनकी वायुसेना ने तेहरान में मिसाइल बनाने वाले ठिकानों और हथियारों के गोदामों पर हमले किए हैं। इस तनाव के चलते इराक ने भी ईरान से लगी अपनी शलमचेह सीमा को फिलहाल बंद कर दिया है, जिससे वहां आने-जाने वाले लोगों को परेशानी हो रही है।




