ईरान-अमेरिका तनाव: ईरान ने अमेरिका पर लगाया दोहरी चाल का आरोप, कहा- बातचीत के बहाने जमीनी हमले की है तैयारी
ईरान और अमेरिका के बीच तनाव एक बार फिर खतरनाक मोड़ पर पहुंच गया है। ईरान की संसद के स्पीकर Mohammad Bagher Ghalibaf ने आरोप लगाया है कि अमेरिका एक तरफ तो शांति और बातचीत का संदेश भेज रहा है, लेकिन दूसरी तरफ गुपचुप तरीके से जमीनी हमले की बड़ी योजना बना रहा है। सरकारी समाचार एजेंसी IRNA के मुताबिक, ईरान ने साफ चेतावनी दी है कि उनकी सेना किसी भी हमले का जवाब देने के लिए पूरी तरह तैयार है और उनकी मिसाइलें तैनात कर दी गई हैं। खाड़ी क्षेत्र में बढ़ती इस हलचल का असर अब पड़ोसी देशों पर भी दिखने लगा है।
ईरानी संसद के स्पीकर ने क्या बड़े दावे किए हैं?
ईरान के स्पीकर Mohammad Bagher Ghalibaf ने कड़े शब्दों में कहा है कि अमेरिका का 15 सूत्रीय शांति प्रस्ताव केवल एक दिखावा है। उनके अनुसार, अमेरिका सैन्य मोर्चे पर विफल होने के बाद अब कूटनीति का सहारा ले रहा है। उन्होंने चेतावनी दी कि ईरानी सेना अमेरिकी सैनिकों और उनके क्षेत्रीय सहयोगियों को सजा देने के लिए तैयार बैठी है। ईरान का दावा है कि उन्हें अमेरिकी सेना की कमजोरियों और उनके गिरते मनोबल की पूरी जानकारी है। स्पीकर ने यह भी कहा कि हमारी मिसाइलें तैयार हैं और हमारा संकल्प अब पहले से कहीं ज्यादा मजबूत हो चुका है।
क्षेत्र में हालिया सैन्य हलचल और बड़े हमले
पिछले 24 घंटों में खाड़ी क्षेत्र में कई बड़ी सैन्य गतिविधियां दर्ज की गई हैं। अमेरिका के लगभग 2,500 Marines और युद्धपोत USS Tripoli क्षेत्र में पहुंच चुके हैं, जिससे जमीनी हमले की आशंका बढ़ गई है। क्षेत्र के अन्य देशों में भी इसकी वजह से काफी हलचल देखी जा रही है।
| प्रमुख घटना | विवरण और स्थान |
|---|---|
| UAE मिसाइल हमला | UAE के एयर डिफेंस ने ईरान की ओर से आए मिसाइल और ड्रोन को रोका |
| ओमान पोर्ट हमला | Salalah पोर्ट पर ड्रोन हमला हुआ, जिसमें एक कर्मचारी घायल हुआ |
| बंदरगाह पर हमला | होर्मुज जलडमरूमध्य के पास ईरानी बंदरगाह पर हमला, 5 की मौत |
| राजनयिक बैठक | पाकिस्तान, सऊदी अरब और तुर्की स्थिति पर चर्चा के लिए बैठक करेंगे |
| Strait of Hormuz | ईरान ने भारत, रूस और चीन जैसे मित्र देशों के लिए रास्ता खोला |
| तेहरान में धमाके | उत्तरी तेहरान में भारी धमाकों के साथ धुंआ उठता देखा गया |
प्रवासियों और व्यापारिक मार्ग पर क्या होगा असर?
खाड़ी क्षेत्र में रहने वाले भारतीयों और अन्य प्रवासियों के लिए यह स्थिति चिंता का विषय बनी हुई है। ओमान और UAE जैसे देशों में हुए हालिया हवाई हमलों ने सुरक्षा को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं। हालांकि ईरान ने भारत जैसे मित्र देशों के लिए Strait of Hormuz को खुला रखने की बात कही है, लेकिन युद्ध जैसे हालात से जहाजों की आवाजाही और तेल की कीमतों पर सीधा असर पड़ सकता है। क्षेत्रीय तनाव को कम करने के लिए पाकिस्तान और सऊदी अरब जैसे देश अब मिलकर रास्ता निकालने की कोशिश में जुटे हैं ताकि आम लोगों और अंतरराष्ट्रीय व्यापार को नुकसान से बचाया जा सके।




