Israel Lebanon War: इजरायली हमले के बीच लेबनानी सेना ने छोड़ी चौकियां, रक्षा मंत्री ने सुरक्षा जोन बनाने का दिया आदेश
लेबनान और इजरायल के बीच संघर्ष अब बेहद गंभीर मोड़ पर आ चुका है। 31 मार्च 2026 को मिली ताजा खबरों के मुताबिक, इजरायली सेना के जमीनी हमले को देखते हुए लेबनानी सेना ने दक्षिणी सीमा के पास मौजूद अपनी चौकियों को खाली कर दिया है। इजरायल अब लेबनान के भीतर घुसकर सैन्य कार्रवाई कर रहा है, जिससे सीमावर्ती इलाकों में भारी तनाव पैदा हो गया है। इस युद्ध की वजह से अब तक लेबनान में 10 लाख से ज्यादा लोग विस्थापित हो चुके हैं और मानवीय स्थिति लगातार खराब होती जा रही है।
इजरायल की नई योजना और सुरक्षा क्षेत्र का ऐलान
इजरायल के रक्षा मंत्री Israel Katz ने एक बड़ा बयान जारी किया है। उन्होंने घोषणा की है कि इजरायल दक्षिणी लेबनान में लितानी नदी (Litani River) तक एक स्थाई सुरक्षा क्षेत्र बनाए रखेगा। इजरायली सरकार ने यह भी तय किया है कि सीमा के पास स्थित लेबनानी गांवों में बने घरों को नष्ट कर दिया जाएगा ताकि वहां से किसी भी तरह के खतरे को पूरी तरह खत्म किया जा सके। इसके अलावा, जब तक उत्तरी इजरायल के निवासी अपने घरों को सुरक्षित महसूस नहीं करेंगे, तब तक विस्थापित लेबनानी लोगों को वापस आने की इजाजत नहीं दी जाएगी।
पिछले 24 घंटों की बड़ी घटनाएं और नुकसान
दक्षिणी लेबनान में चल रहे युद्ध के दौरान पिछले कुछ घंटों में कई बड़े नुकसान की खबरें आई हैं। संघर्ष की मौजूदा स्थिति को नीचे दी गई तालिका के माध्यम से समझा जा सकता है:
| प्रमुख घटना | विवरण |
|---|---|
| लेबनानी सेना का कदम | इजरायली सेना के आगे बढ़ने पर दक्षिण से अपनी चौकियां खाली कीं। |
| इजरायली सैनिक मौत | Hezbollah के साथ जमीनी लड़ाई में 4 इजरायली सैनिक मारे गए। |
| UN शांति सैनिक | अलग-अलग घटनाओं में संयुक्त राष्ट्र के 3 शांति सैनिकों की जान गई। |
| हवाई हमले | बेरूत के उपनगरों और दक्षिणी गांवों में इजरायल की भीषण बमबारी जारी है। |
| सरकारी बयान | लेबनान सरकार ने Hezbollah की सैन्य गतिविधियों को गैर-कानूनी बताया है। |
लेबनान सरकार और राष्ट्रपति का रुख
लेबनान के राष्ट्रपति Joseph Aoun ने इस मामले पर अपनी प्रतिक्रिया देते हुए कहा है कि बातचीत ही सुरक्षा बहाल करने का एकमात्र रास्ता है। लेबनान की सरकार ने आधिकारिक तौर पर Hezbollah की निंदा की है और कहा है कि युद्ध या शांति का फैसला केवल देश की सरकार के पास होना चाहिए। वहीं, इजरायल ने साफ कर दिया है कि वह लेबनान को ईरान के प्रभाव से अलग करने और Hezbollah की ताकत को पूरी तरह खत्म करने के लिए अपना अभियान जारी रखेगा। संयुक्त राष्ट्र ने भी शांति सैनिकों की मौत पर दुख जताया है और संयम बरतने की अपील की है।




