इज़राइल ने बेरूत में 35 रिहायशी टावरों को बनाया निशाना, लेबनान में मरने वालों का आंकड़ा 486 पहुंचा
इज़राइली सेना ने 9 मार्च 2026 की सुबह लेबनान की राजधानी बेरूत के दक्षिणी उपनगरों पर भारी बमबारी की है। सऊदी न्यूज़50 की रिपोर्ट के अनुसार इज़राइल ने एक साथ 35 रिहायशी टावरों को निशाना बनाया है। इज़राइल का कहना है कि इन बहुमंजिला इमारतों का इस्तेमाल हिज़्बुल्लाह अपने कमांड और कंट्रोल सेंटर के रूप में कर रहा था। इस हमले के बाद पूरे क्षेत्र में सैन्य तनाव काफी बढ़ गया है।
हमलों के बाद की ताज़ा स्थिति और नुकसान
लेबनान के स्वास्थ्य मंत्रालय ने जानकारी दी है कि 2 मार्च से शुरू हुए इस ताजा तनाव में अब तक कुल 486 लोगों की मौत हो चुकी है। पिछले 24 घंटों के दौरान दक्षिणी लेबनान में कम से कम 12 लोगों ने अपनी जान गंवाई है। युद्ध की वजह से बेरूत के दक्षिणी इलाकों से लाखों लोग पलायन कर चुके हैं।
| विवरण | महत्वपूर्ण आंकड़े |
|---|---|
| कुल मौतें (2 मार्च से) | 486 |
| घायलों की संख्या | 1,313 से अधिक |
| विस्थापित लोग | 6,50,000 से ज्यादा |
| कच्चे तेल की कीमत | 100 डॉलर प्रति बैरल पार |
सेना की चेतावनी और क्षेत्रीय असर
इज़राइली सेना (IDF) ने हमलों से पहले बेरूत के कुछ खास इलाकों जैसे हदाथ, हरेत हरेक और घोबेरी के लिए निकासी के आदेश जारी किए थे। लोगों को चिन्हित इमारतों से कम से कम 300 मीटर दूर रहने की सलाह दी गई थी। इस जंग का असर खाड़ी देशों पर भी पड़ा है। सऊदी अरब के अल-खर्ज में एक मिसाइल का मलबा गिरने से 2 लोगों की मौत हुई है और 12 लोग घायल हुए हैं। अंतरराष्ट्रीय बाज़ार में तेल की सप्लाई बाधित होने की आशंका के कारण कीमतें 100 डॉलर प्रति बैरल के पार चली गई हैं।
- इज़राइल ने बेरूत के साथ-साथ ईरान के इस्फ़हान और तेहरान में भी सैन्य ठिकानों को निशाना बनाया है।
- लेबनान सरकार ने सरकारी बुनियादी ढांचे को बचाने के लिए हिज़्बुल्लाह की सैन्य गतिविधियों को अवैध करार दिया है।
- यूएस की मध्यस्थता के कारण बेरूत इंटरनेशनल एयरपोर्ट अभी भी काम कर रहा है।




